
Bhagalpur Railway Projects: बिहार के भागलपुर में रेलवे यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। जल्द ही भागलपुर, दुमका और गोड्डा रेलखंड पर तीन हॉल्ट स्टेशनों का रूप लेने जा रहे हैं, वहीं जगदीशपुर में एक बिल्कुल नया टर्मिनल स्टेशन भी बनेगा। मालदा मंडल की पहल पर पूर्व रेलवे ने इसकी मंजूरी दे दी है, जिससे इलाके में रेल सेवाओं का चेहरा बदलने वाला है।
भागलपुर, दुमका और गोड्डा रेलखंड के तीन हॉल्ट – गोनूधाम हॉल्ट, पंजवारा रोड और गंगवारा हॉल्ट – को अब स्टेशन का दर्जा मिल गया है। पूर्व रेलवे से मिली मंजूरी के बाद इन हॉल्टों को पूर्ण स्टेशन के रूप में विकसित किया जाएगा। यह कदम ट्रेनों के बेहतर संचालन और यात्री सुविधा बढ़ाने के मालदा मंडल के एक सर्वे के बाद उठाया गया है। यह सारी कवायद गति शक्ति योजना के तहत की जा रही है, जिसका उद्देश्य देश में इंफ्रास्ट्रक्चर को गति देना है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
नए स्टेशनों पर मिलेंगी ये आधुनिक सुविधाएं
स्टेशन के रूप में विकसित होने के बाद इन तीनों जगहों पर यात्रियों के लिए कई सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। इनमें प्रमुख हैं:
- प्लेटफॉर्म का विस्तार किया जाएगा।
- प्रत्येक स्टेशन पर कम से कम दो प्लेटफॉर्म का निर्माण होगा।
- यात्रियों के बैठने के लिए उचित व्यवस्था होगी।
- 24 घंटे टिकटों की बुकिंग के लिए टिकट घर की व्यवस्था की जाएगी।
- रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
- स्टेशन बनने के बाद कर्मचारियों की नियुक्ति भी होगी।
फिलहाल इन हॉल्टों पर केवल ट्रेनों का ठहराव होता है, लेकिन स्टेशन का दर्जा मिलने के बाद यहां और अधिक ट्रेनों को स्टॉपेज मिलेगा। साथ ही एक्सप्रेस ट्रेनों को भी रुकने की सुविधा मिलेगी, जिससे दूरदराज के यात्रियों को लाभ होगा। आवश्यकतानुसार फुटओवर ब्रिज (एफओबी) की व्यवस्था भी की जा सकती है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस योजना पर 9-10 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
जगदीशपुर में बनेगा भव्य न्यू भागलपुर रेल टर्मिनल: भागलपुर रेल परियोजनाएं का महत्वपूर्ण हिस्सा
भागलपुर जंक्शन से लगभग 14.40 किलोमीटर दूर जगदीशपुर में एक नया और भव्य टर्मिनल स्टेशन बनाने का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसे न्यू भागलपुर टर्मिनल स्टेशन के रूप में विकसित किया जाएगा। इस परियोजना को तीन साल में पूरा करने का लक्ष्य है, जिस पर लगभग 310.45 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत आएगी। इस टर्मिनल स्टेशन पर कई अत्याधुनिक सुविधाएं होंगी:
- तीन यात्री प्लेटफॉर्म।
- दो फुटओवर ब्रिज (एफओबी)।
- सर्विस बिल्डिंग और सर्कुलेटिंग एरिया।
- चार लूप लाइन और दो गुड्स लाइन।
- पांच स्टेबलिंग लाइन और दो शंटिंग नेक।
- दो रेक ट्रांसफर लाइन और दो सिक लाइन।
- तीन पिट लाइन।
- प्लेटफॉर्म शेड और क्विक वाटरिंग की सुविधा भी उपलब्ध होगी।
इसके साथ ही, भागलपुर-दुमका-रामपुरहाट रेल लाइन का दोहरीकरण भी किया जाएगा, जिस पर 3169 करोड़ रुपये खर्च होंगे। भू-अर्जन का कार्य चल रहा है और जल्द ही दोहरीकरण का काम शुरू होने की उम्मीद है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
अन्य महत्वपूर्ण रेल विकास कार्य
भारतीय रेलवे क्षेत्र में अन्य महत्वपूर्ण विकास कार्यों को भी गति दे रहा है। मौजूदा भागलपुर स्टेशन को 481.60 करोड़ रुपये की लागत से मल्टीस्टोरी बनाया जाएगा, जिससे इसकी क्षमता और सुविधाएं दोनों बढ़ जाएंगी। दूसरी ओर, पीरपैंती-गोड्डा के बीच नई रेललाइन बिछाने की पहल भी शुरू हो गई है। पुनसिया और संझा हॉल्ट को ब्लॉक हट स्टेशन का दर्जा दिया गया है, जिससे ट्रेनों का संचालन आसान होगा, समय बचेगा और सुरक्षा पुख्ता होगी। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए मोबाइल यूटीएस (UTS) की सुविधा भी शुरू की है। इन सभी भागलपुर रेल परियोजनाएं से क्षेत्र में आर्थिक और सामाजिक विकास को भी गति मिलेगी।






