
Bihar Farmer Registry: बिहार के किसानों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है! राज्य सरकार एक बार फिर किसानों को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ने के लिए ‘फार्मर रजिस्ट्री’ अभियान की शुरुआत करने जा रही है. कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने घोषणा की है कि अधूरे फार्मर आईडी के कामों को तेजी से पूरा करने के लिए 12 जून से 30 जून तक विशेष अभियान चलाया जाएगा. यह अभियान कृषि विभाग और राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के संयुक्त प्रयास से चलेगा, जिसका मकसद ज्यादा से ज्यादा किसानों को डिजिटल पहचान देना है.
‘Bihar Farmer Registry’ अभियान का उद्देश्य और प्रगति
इस महत्वपूर्ण अभियान की शुरुआत पटना के मीठापुर स्थित कृषि भवन सभागार से की जाएगी, जहाँ फुलवारीशरीफ प्रखंड के किसानों के फार्मर आईडी बनाने का काम शुरू होगा. इसके बाद जिला, प्रखंड और पंचायत स्तर पर विशेष कैंप लगाकर बाकी किसानों का पंजीकरण किया जाएगा. सरकार का उद्देश्य है कि जो किसान अब तक Bihar Farmer Registry से नहीं जुड़ पाए हैं, उन्हें जल्द से जल्द इस व्यवस्था में शामिल किया जाए.
कृषि मंत्री ने जानकारी दी कि बिहार में अब तक 47 लाख 85 हजार 878 किसानों का फार्मर आईडी तैयार किया जा चुका है. जनवरी और फरवरी में मिशन मोड में चलाए गए पहले अभियानों के दौरान लाखों किसानों का सफल पंजीकरण हुआ था. पहले चरण में 10 लाख से ज्यादा, दूसरे चरण में 7 लाख से अधिक और तीसरे चरण में फिर 10 लाख से ज्यादा फार्मर आईडी बनाए गए थे. अब सरकार बाकी किसानों को भी इस डिजिटल सिस्टम से जोड़ने पर ध्यान केंद्रित कर रही है.
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किसानों को क्या होंगे फायदे?
सरकार के मुताबिक, फार्मर आईडी किसानों के लिए एक डिजिटल पहचान पत्र की तरह काम करेगा. इसके माध्यम से पीएम-किसान सम्मान निधि, फसल बीमा योजना, किसान क्रेडिट कार्ड और कृषि अनुदान जैसी सरकारी योजनाओं का लाभ उठाना काफी आसान हो जाएगा. किसानों को बार-बार कागजात जमा करने की परेशानी से मुक्ति मिलेगी. साथ ही, सरकारी सहायता और सब्सिडी सीधे उनके बैंक खाते तक तेजी से पहुँच सकेगी, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी.
पंजीकरण के लिए जरूरी दस्तावेज और प्रक्रिया
फार्मर आईडी बनवाने के लिए किसानों को कुछ आवश्यक दस्तावेज और जानकारी देनी होगी:
- आधार कार्ड
- मोबाइल नंबर
- अपनी जमाबंदी (भूमि रिकॉर्ड) की जानकारी
किसान स्वयं बिहार फार्मर रजिस्ट्री पोर्टल पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. इसके अतिरिक्त, क्यूआर कोड स्कैन करके, नजदीकी सीएससी सेंटर, कृषि समन्वयक या किसान सलाहकार की मदद से भी पंजीकरण कराया जा सकता है. सरकार ने किसानों की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं. किसान कृषि विभाग के हेल्पलाइन नंबर 18001801551 और राजस्व विभाग के हेल्पलाइन नंबर 18003456215 पर संपर्क कर जानकारी ले सकते हैं.
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