
IAS Lokesh Kumar Singh: बिहार के राजनीतिक गलियारों में उस वक्त हलचल मच गई, जब मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नवनियुक्त सचिव, वरिष्ठ आईएएस अधिकारी लोकेश कुमार सिंह को अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद पटना के आईजीआईएमएस अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। 2003 बैच के इस अनुभवी अधिकारी का शुगर लेवल अचानक गिरने से उन्हें क्रिटिकल केयर मेडिसिन (ICU) वार्ड में रखा गया है। डॉक्टरों की एक विशेषज्ञ टीम उनकी सेहत पर पल-पल की नजर रख रही है। शुरुआती उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी स्थिति को खतरे से बाहर बताया है, जो एक राहत की खबर है।
आईजीआईएमएस में भर्ती, डॉक्टरों की निगरानी में
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह की तबीयत अचानक खराब हुई थी। जांच में पता चला कि उनके शरीर में ग्लूकोज का स्तर काफी कम हो गया था, जिसके कारण उन्हें कमजोरी और असहजता महसूस हो रही थी। फिलहाल, उन्हें डॉक्टरों की सघन निगरानी में रखा गया है। उनकी माता और पत्नी भी अस्पताल में मौजूद हैं और परिजनों ने उनकी सेहत में लगातार सुधार की बात कही है।
हालचाल जानने पहुंचे सीएम समेत कई दिग्गज
लोकेश कुमार सिंह की तबीयत बिगड़ने की खबर तेजी से फैली। जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी स्वयं आईजीआईएमएस अस्पताल पहुंचे और लोकेश सिंह का हाल-चाल जाना। उनके साथ स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे और स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत भी मौजूद रहे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह, स्वास्थ्य सचिव कुमार रवि और पटना के जिलाधिकारी समेत यशपाल मीणा और अनिमेष पाराशर जैसे वरिष्ठ अधिकारियों ने भी अस्पताल पहुंचकर डॉक्टरों से उनकी स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली।
कुशल प्रशासक IAS Lokesh Kumar Singh: सम्राट चौधरी के भरोसेमंद
लोकेश कुमार सिंह को हाल ही में मुख्यमंत्री के सचिव के रूप में नियुक्त किया गया है। 2003 बैच के इस आईएएस अधिकारी के पास प्रशासन का 23 सालों का लंबा अनुभव है। उनकी छवि एक ऐसे अफसर की है जो फाइलों में उलझने के बजाय जमीन पर जाकर काम करना पसंद करते हैं। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का उन पर काफी भरोसा है; वे 2024 में वित्त मंत्री रहते हुए IAS Lokesh Kumar Singh के साथ वित्त सचिव के रूप में काम कर चुके हैं और उनकी कार्यशैली से पहले से ही प्रभावित हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
लोकेश सिंह ने स्वास्थ्य विभाग में सचिव रहते हुए कोरोना महामारी के दौरान बेहतरीन काम किया था और उस कठिन समय में बिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था को पटरी पर लाने में उनकी भूमिका अहम रही थी। उन्होंने ग्रामीण विकास विभाग और बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) जैसे महत्वपूर्ण विभागों में भी अपनी सेवाएं दी हैं। प्रशासनिक हलकों में उन्हें संकट प्रबंधन का माहिर माना जाता है, जो किसी भी फाइल को कोमा से लेकर पूर्ण विराम तक बारीकी से पढ़ने के लिए जाने जाते हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें






