
शेखपुरा स्कूल हादसा: बिहार के शेखपुरा जिले से एक चिंताजनक खबर सामने आई है, जहाँ लोदीपुर स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय की 25 छात्राएं अचानक बेहोश हो गईं। इस घटना ने स्कूल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिसके बाद स्थानीय प्रशासन हरकत में आ गया है।
मामला शेखपुरा सदर प्रखंड के लोदीपुर कस्तूरबा विद्यालय का है, जहाँ शनिवार शाम को छात्राओं ने विद्यालय प्रशासन की ओर से दिए गए भुजा और नमकीन का नाश्ता किया था। इसके बाद प्रार्थना के दौरान एक-एक कर छात्राएं बेहोश होकर गिरने लगीं। प्रारंभिक तौर पर शनिवार देर रात की भीषण गर्मी को इस बेहोशी का कारण बताया जा रहा है। सूचना मिलते ही प्रशासनिक अधिकारियों के पहल पर एंबुलेंस से बेहोश छात्राओं को सदर अस्पताल लाया गया। एसडीएम प्रियंका कुमारी के नेतृत्व में स्वास्थ्यकर्मियों को छात्राओं के बेहतर इलाज में लगाया गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
कैसे हुआ यह शेखपुरा स्कूल हादसा?
शनिवार देर शाम कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय लोदीपुर की छात्राएं अपना नियमित नाश्ता कर रही थीं। नाश्ते में भुजा और नमकीन परोसा गया था। इसके कुछ देर बाद जब छात्राएं प्रार्थना के लिए इकट्ठा हुईं, तो एक के बाद एक छात्राएं बेहोश होकर गिरने लगीं। इस अप्रत्याशित घटना से विद्यालय में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय प्रशासन को तत्काल इसकी सूचना दी गई, जिसके बाद मौके पर एंबुलेंस भेजकर सभी बेहोश छात्राओं को शेखपुरा सदर अस्पताल पहुंचाया गया।
अस्पताल में कुव्यवस्था और स्वास्थ्यकर्मियों की सजगता
घटना की जानकारी मिलते ही देर रात सदर अस्पताल के स्वास्थ्यकर्मियों ने गजब की सजगता और इंसानियत का परिचय दिया। बड़ी संख्या में स्वास्थ्यकर्मी अपनी ड्यूटी और पद की परवाह किए बगैर मौके पर पहुंचे और बच्चियों को एंबुलेंस से गोद में उठाकर इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया। हालांकि, छात्राओं के इलाज के दौरान सदर अस्पताल में कुछ कुव्यवस्थाएं भी सामने आईं:
- इमरजेंसी वार्ड में मात्र एक ही डॉक्टर मौजूद थे, जबकि नियमानुसार दो डॉक्टरों का होना अनिवार्य है।
- वार्ड का एसी खराब होने के कारण मरीजों और स्वास्थ्यकर्मियों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ा।
- बेड की कमी के चलते भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
इस घटना ने एक बार फिर जिले के अस्पताल प्रबंधन पर सवाल खड़े कर दिए हैं, खासकर आपातकालीन सेवाओं की तैयारियों को लेकर।
SDM ने दिए जांच के आदेश
एसडीएम प्रियंका कुमारी ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लिया है। उन्होंने मीडिया को बताया कि विद्यालय प्रबंधन द्वारा बच्चियों को दिए जाने वाले भोजन मेन्यू और उसकी गुणवत्ता की जांच की जाएगी। इसके साथ ही, छात्राओं के बेहोश होने के वास्तविक कारणों का भी पता लगाया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि विद्यालय प्रबंधन की तमाम व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की जाएगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। एसडीएम ने सदर अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड की व्यवस्था को भी आड़े हाथों लिया और साफ शब्दों में कहा कि डॉक्टर की गैर-मौजूदगी से लेकर वार्ड की अन्य व्यवस्थाओं की जांच कर जिलाधिकारी को पूरी रिपोर्ट सौंपी जाएगी। इस पूरे शेखपुरा स्कूल हादसा की गहराई से जांच की जाएगी।
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