
अपहरण ऑडियो वायरल: बिहार के दरभंगा से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। सिमरी थाना क्षेत्र में एक लड़की के अपहरण से जुड़े मामले में कथित लेनदेन का एक ऑडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है। इस वायरल ऑडियो ने पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया है और निष्पक्ष जांच पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
दरभंगा के सिमरी थाना क्षेत्र में एक लड़की के अपहरण मामले में एक सनसनीखेज ऑडियो रिकॉर्डिंग सामने आई है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा यह ऑडियो, जिसकी सत्यता की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है, पुलिस की भूमिका पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा रहा है। कथित तौर पर, इस ऑडियो में सिमरी थाना के एक सब-इंस्पेक्टर और थाने से जुड़े बताए जा रहे एक अन्य व्यक्ति के बीच बातचीत सुनाई दे रही है।
इस बातचीत में लड़की की बरामदगी के बाद न्यायालय में होने वाले बयान को लेकर कथित तौर पर लेनदेन की चर्चा हो रही है। वायरल ऑडियो में एक व्यक्ति यह कहते सुना जा रहा है, “बीस तीस का तो डिमांड ही था। बीस भी कहीं दिया…”। इससे यह प्रतीत होता है कि लड़की के बयान को लड़के पक्ष के पक्ष में करवाने के लिए अवैध राशि की मांग और पैरवी की बात की जा रही है।
इतना ही नहीं, इस अपहरण ऑडियो वायरल में लड़की के गांव के एक जनप्रतिनिधि के नाम का भी जिक्र है। ऑडियो के अनुसार, संबंधित पुलिस अधिकारी उक्त जनप्रतिनिधि से काफी डरे हुए दिखाई दे रहे हैं और सामने वाले व्यक्ति से बार-बार उनसे बात करने को कह रहे हैं। इससे पूरे मामले में राजनीतिक और प्रशासनिक दबाव की चर्चा तेज हो गई है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
वायरल अपहरण ऑडियो में क्या है?
यह पूरा मामला 18 मई की रात सिमरी थाना क्षेत्र से एक लड़की के कथित अपहरण से जुड़ा है। लड़की की मां के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज की गई थी, जिसमें गांव के ही दूसरे समुदाय के लोगों पर लड़की को जबरन उठा ले जाने का आरोप लगाया गया था। अगले ही दिन लड़की की बरामदगी हो गई थी और उसके बाद न्यायालय में बयान दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू हुई।
जांच पर उठे सवाल और पुलिस की सफाई
अब इस अपहरण ऑडियो वायरल के सामने आने के बाद पूरे मामले की निष्पक्ष जांच पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह ऑडियो सही पाया जाता है, तो यह पुलिस की भूमिका पर बड़ा प्रश्नचिह्न खड़ा करेगा।
सिमरी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार ने बताया कि ऑडियो उनके संज्ञान में आया है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि केस के अनुसंधान अधिकारी (IO) ने इस तरह के किसी भी लेन-देन की बात को सिरे से खारिज किया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। जिला प्रशासन और पुलिस विभाग से इस वायरल ऑडियो की गहन जांच की उम्मीद की जा रही है ताकि सच्चाई सामने आ सके।
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