
दिल्ली एनसीआर और उत्तर भारत में धुंध और कोहरे के बीच कंपकंपी ने बिहार को भी सर्द करना शुरू कर दिया है। प्रदेश में शीत ऋतु का असर अब दिखने लगा है। ऐसे में मौसम विभाग के अनुसार अभी ठंड में बढ़ोतरी ही होगी।
जानकारी के अनुसार,इस साल प्रदेश में मानसून देर तक रहने के कारण सुबह में ठंड भी देर से शुरू हुई। राज्य में पछुआ हवा के कारण लगातार न्यूनतम और अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। कभी न्यूनतम तापमान बढ़ रहा है तो कभी यह घटता हुआ दिखाई दे रहा है। पढ़िए पूरी खबर
मोतिहारी, पूर्णिया, भागलपुर समेत कई इलाकों में सुबह घना कोहरा छाया रहने लगा है। इससे राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कोहरे और धुंध की वजह से कई ट्रेनों को रद भी कर दिया गया है। वहीं विजिबिलिटी नहीं होने से सड़क हादसे भी बढ़ गए है।
ठंड बढ़ने के साथ ही कोहरा भी घने रूप से छाने लगा है। कुछ ही दिन पहले की बात करें तो प्रदेश का सबसे ठंडा शहर गया था। वहां का न्यूनतम तापमान 7.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था।.
जानकारी के अनुसार, दिसंबर के शुरुआती हफ्ते में जैसे ही पछुआ हवा का प्रभाव शुरू हुआ था, बिहार के अधिकतर जिलों में न्यूनतम तापमान और अधिकतम तापमान में गिरावट देखी गई थी।
इसी बीच बंगाल की खाड़ी में एक चक्रवात के प्रभाव से राज्य में आंशिक रूप से न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी भी दर्ज की गई थी। हालांकि फिर से जहां न्यूनतम तापमान गिर रहा है, वहीं ठंड का पारा बढ़ता जा रहा है. बता दें कि मौसम विज्ञान केंद्र ने 15 दिसंबर से तापमान में गिरावट के साथ ठंड बढ़ने की संभावना जताई थी, जो अब सही होता दिख रहा है।
आईएमडी के मुताबिक आज सुबह राजस्थान, मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार और बंगाल के हिमालयी क्षेत्रों में घना कोहरा दर्ज किया गया। राजस्थान के चुरु, मध्य प्रदेश के ग्वालियर में विजिविलिटी 25 मीटर दर्ज की गई, जबकि जम्मू, हरियाणा के हिसार, असम के सिलचर, राजस्थान के गंगानगर, यूपी के गोरखपुर, बिहार के गया, पूर्णिया, एमपी के गुना और भोपाल में 200 मीटर से कम विजिविलिटी दर्ज की गई। मौसम विभाग के मुताबिक पूरे उत्तर भारत में अगले दो दिनों तक घना कोहरा भी छाया रह सकता है।






