
National Lok Adalat: अदालती तारीखों के लंबे इंतजार और चक्करों से अब मिलेगी मुक्ति, जब आपसी सहमति की रोशनी लेकर न्याय खुद आपके द्वार पहुंचा है। भागलपुर सिविल कोर्ट परिसर में वर्ष 2026 की पहली राष्ट्रीय लोक अदालत का भव्य शुभारंभ किया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत की। इस अवसर पर न्यायिक पदाधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं और शहर के कई गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
National Lok Adalat: त्वरित और सुलभ न्याय का बना माध्यम
इस बड़े आयोजन के तहत भागलपुर civil court में 21, कहलगांव में 2 और नवगछिया में 5 विशेष बेंचों का गठन किया गया है। इन सभी जगहों पर लंबित मामलों को तेजी से निपटाने की प्रक्रिया चल रही है, जहां दोनों पक्षों की रजामंदी से समाधान निकाला जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य लोगों को कम समय, कम खर्च और बिना किसी परेशानी के न्याय दिलाना है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस प्रक्रिया में किसी भी पक्ष की हार नहीं होती, बल्कि दोनों की जीत होती है, जिससे सामाजिक सौहार्द भी बढ़ता है। सैकड़ों मामलों को पहले ही सूचीबद्ध कर संबंधित पक्षों को नोटिस भेज दिए गए थे, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इसका लाभ उठा सकें। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
किन मामलों पर हुई सुनवाई?
भागलपुर civil court परिसर में बैंक ऋण, मोटर दुर्घटना दावा, दीवानी वाद, आपराधिक समझौता योग्य मामले तथा राजस्व से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए विशेष बेंच बनाए गए हैं। इसी तरह कहलगांव और नवगछिया न्यायालय परिसर में भी विभिन्न प्रकार के मामलों के समाधान के लिए न्यायिक पदाधिकारियों की देखरेख में बेंच काम कर रही हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
सुरक्षा के रहे पुख्ता इंतजाम
कार्यक्रम के दौरान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के अलावा जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी, वरीय पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार, कई मजिस्ट्रेट, अधिवक्ता, शिक्षाविद, समाजसेवी और चिकित्सक भी उपस्थित रहे। लोक अदालत के आयोजन को देखते हुए न्यायालय परिसर में सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किए गए थे। पुलिस बल की तैनाती के साथ-साथ प्रशासनिक अधिकारी लगातार व्यवस्था की निगरानी करते रहे, ताकि कार्यक्रम शांति और अनुशासन के साथ संपन्न हो। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।



