
अंधकार में डूबी शिक्षा व्यवस्था और छात्रों का भविष्य जब सवालों के घेरे में आता है, तो आक्रोश की ज्वाला भड़क उठना स्वाभाविक है। Bhagalpur University News: इसी कड़ी में तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय एक बार फिर छात्रों के प्रदर्शन का अखाड़ा बन गया है। छात्र राजनीति की तपिश से भागलपुर का तिलकामांझी विश्वविद्यालय एक बार फिर सुलग उठा है। राष्ट्रीय जनता दल के छात्र संगठन, छात्र राजद ने विश्वविद्यालय परिसर में जोरदार विरोध प्रदर्शन कर अपनी नाराजगी जाहिर की। इस दौरान आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने प्रभारी कुलपति के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और उनका पुतला भी फूंका, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
Bhagalpur University News: क्यों गरमाई छात्र राजनीति?
दर्जनों की संख्या में विश्वविद्यालय पहुंचे छात्र राजद के कार्यकर्ता विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ बेहद आक्रामक तेवर में दिखे। प्रदर्शनकारी छात्रों का सीधा आरोप है कि विश्वविद्यालय में एक ही व्यक्ति को दो-दो महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी सौंपे जाने के कारण छात्रों से जुड़े कई आवश्यक कार्य महीनों से लंबित पड़े हैं। इसका सीधा खामियाजा कॉलेज में पढ़ रहे हजारों छात्र-छात्राओं को भुगतना पड़ रहा है, जिन्हें रोजाना कई तरह की छात्र समस्याएँ का सामना करना पड़ता है। छात्र नेताओं ने साफ शब्दों में कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों की समस्याओं के प्रति पूरी तरह से उदासीन बना हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रभारी कुलपति जब भी विश्वविद्यालय आते हैं, तो वे केवल फाइलों के जंजाल में ही उलझे रहते हैं और छात्रों के ज्वलंत मुद्दों पर न तो कोई ध्यान देते हैं और न ही उनके समाधान के लिए कोई ठोस कदम उठाते हैं।
विश्वविद्यालय प्रशासन पर गंभीर आरोप
प्रदर्शन के दौरान छात्र राजद के कार्यकर्ताओं ने पुरजोर तरीके से मांग की कि प्रभारी कुलपति को तत्काल उनके पद से हटाया जाए। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन को चेतावनी भी दी कि यदि उनकी इन जायज मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई, तो उनका आंदोलन और भी उग्र रूप धारण करेगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी। यह गौरतलब है कि तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय में इस तरह के विरोध प्रदर्शन अब आम बात हो गए हैं। छात्र संगठनों और प्रशासन के बीच यह लगातार टकराव की स्थिति विश्वविद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता और छात्रहित दोनों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/ आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस उदासीनता से छात्र समस्याएँ और भी विकराल रूप ले रही हैं।
छात्र हितों की अनदेखी और आगे की चेतावनी
छात्र नेताओं का कहना है कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने विश्वविद्यालय में छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ बंद करने और पारदर्शी व छात्र-हितैषी नीतियां लागू करने की अपील की। विश्वविद्यालय प्रशासन को इस गंभीर स्थिति पर जल्द से जल्द ध्यान देना होगा, अन्यथा छात्रों का आक्रोश कभी भी एक बड़े आंदोलन का रूप ले सकता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।



