
Non-Teaching Staff Strike: बिहार में विश्वविद्यालय और कॉलेज के गैर-शिक्षक कर्मचारियों ने अपनी चिर-लंबित मांगों को लेकर मोर्चा खोल दिया है। इसी क्रम में, सीएम साइंस कॉलेज के शिक्षकेतर कर्मचारियों ने बुधवार को कलमबंद हड़ताल करते हुए कार्यों का बहिष्कार किया, जिससे कॉलेज का कामकाज पूरी तरह से ठप पड़ गया।
बिहार राज्य विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर पूरे राज्य में यह आंदोलन चल रहा है। सीएम साइंस कॉलेज के शिक्षकेतर कर्मचारियों ने भी बिहार राज्य विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर इस Non-Teaching Staff Strike में शामिल होकर काम का बहिष्कार किया। कर्मचारी संघ के अध्यक्ष राधेश्याम झा ने बताया कि यह बहिष्कार पूर्वनिर्धारित कार्यक्रम का हिस्सा है और गुरुवार को भी हड़ताल जारी रहेगी। अपनी मांगों को लेकर कर्मचारी 20 मई को ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय (LNMU) के मुख्यालय पर महासंघ के बैनर तले विरोध प्रदर्शन करेंगे।
बुधवार को हुई इस कलमबंद हड़ताल का नेतृत्व संघ के सचिव अनुपम कुमार झा ने किया, जिनकी अगुवाई में कर्मचारियों ने प्रधानाचार्य कक्ष के बाहर अपनी लंबित मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
क्या हैं कर्मचारियों की मुख्य मांगें?
अनुपम कुमार झा ने बताया कि इस सांकेतिक विरोध का मुख्य उद्देश्य सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन का ध्यान कर्मचारियों की लंबे समय से लंबित मांगों की ओर आकर्षित करना है। उन्होंने शिक्षकेतर कर्मचारियों की 15 सूत्रीय मांगों का जिक्र किया, जिनमें वेतन सत्यापन कोषांग की मनमानी पर रोक और वेतन विसंगति का निराकरण प्रमुख है। इसके अतिरिक्त, सर्वोच्च न्यायालय द्वारा पारित न्यादेश का कार्यान्वयन, पदोन्नति और स्थायीकरण भी उनकी प्रमुख मांगों में शामिल हैं।
Non-Teaching Staff Strike: चरणबद्ध आंदोलन रहेगा जारी
कर्मचारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनकी लंबित मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक चरणबद्ध आंदोलन जारी रहेगा। इस कलमबंद हड़ताल में शिवशंकर झा, उमेश कुमार ठाकुर, प्रवीण कुमार झा, आदित्य नाथ झा, चेतकर झा, अनुपम शेखर सिंह, सतीश कुमार, जितेंद्र राम, जितेंद्र कुमार महतो, गोपाल सिंह, रमेश कामती, मिसरी साह, राजेश कुमार सिंह, रामशंकर भंडारी, सरोज कुमार चौधरी, लीला कुमारी, सिंदू कुमारी, जरीना खातून, सिंटू कुमार, अभिषेक कुमार, आकाश कुमार वर्मा, जयकांत कामती, कुमार राजर्षि, प्रफुल्ल कुमार झा, रविंद्र यादव, विकास कुमार और जयनारायण यादव सहित कई अन्य कर्मचारी शामिल थे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें







