
Darbhanga Court News: कानून के तराजू पर जब गुनाह का बोझ भारी पड़ता है, तो न्याय का डंडा चलना तय है। दरभंगा की अदालतों में कुछ ऐसा ही हुआ, जहां संगीन अपराधों के आरोपियों की जमानत अर्जी ख़ारिज कर दी गई।
Darbhanga Court News: दरभंगा में अपराधियों को झटका, हत्या-अपहरण और साइबर धोखाधड़ी के आरोपियों की जमानत खारिज
Darbhanga Court News: संगीन मामलों में जमानत रद्द, न्यायपालिका का सख्त रुख
दरभंगा सिविल कोर्ट में विभिन्न जघन्य अपराधों के आरोपियों की जमानत अर्जियां रद्द कर दी गई हैं, जिससे न्यायपालिका का सख्त रुख सामने आया है। लोक अभियोजक अमरेंद्र नारायण झा ने बताया कि कई महत्वपूर्ण आपराधिक मामलों में अदालतों ने आरोपियों को कोई राहत नहीं दी है।
लहेरियासराय थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 29, फैजुल्लाह खान मुहल्ला की एक नाबालिग लड़की के अपहरण के मामले में कमर अली द्वारा संस्थित लहेरियासराय थाना प्राथमिकी संख्या 634/25 के आरोपी गन्नीपुर तरौनी निवासी मेराज उर्फ मोहम्मद मेराज की अग्रिम जमानत याचिका प्रथम एडीजे संतोष कुमार पाण्डेय की अदालत ने निरस्त कर दी। यह मामला तब प्रकाश में आया जब नाबालिग लड़की को स्कूल से दोपहर के भोजन के समय अपहरण कर लिया गया था।
वहीं, तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने साइबर थाना कांड संख्या 72/25 के दो आरोपियों, बहेड़ा थाना के बलहा गांव निवासी रोशन कुमार झा और हाविभौआर गांव निवासी बिट्टू कुमार झा की नियमित जमानत याचिका भी खारिज कर दी। दोनों आरोपी एक नवंबर से न्यायिक हिरासत में हैं। इस मामले की प्राथमिकी में अंकित है कि आर्थिक अपराध इकाई की सूचना पर साइबर थाना दरभंगा ने 31 अक्टूबर 25 को आशापुर बहेड़ा निवासी देवानंद ठाकुर के घर पर छापेमारी कर हरियाणा के बॉबी कल्याण को गिरफ्तार किया था। बॉबी के पास से एयरटेल के 97 पीस सिम कार्ड, 4 पावर बैंक और 7 पीस एयरटेल वाई-फाई डिवाइस सहित अन्य आपत्तिजनक सामान बरामद हुए थे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
अपहरण के एक अन्य मामले में सोनकी थाना कांड संख्या 95/25 के आरोपी संजीव चौपाल, सत्तो चौपाल और राज किशोर चौपाल की अग्रिम जमानत याचिका भी निरस्त कर दी गई है। इन आपराधिक मामलों में लगातार जमानतें रद्द होना दिखाता है कि प्रशासन और न्यायपालिका अपराध पर लगाम कसने के लिए कटिबद्ध हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
हत्या के आरोपी की जमानत भी नामंजूर
एडीजे दशम की अदालत ने एक सनसनीखेज हत्या के मामले में आरोपी बघौनी गांव के गजेंद्र दास की नियमित जमानत याचिका खारिज कर दी। गजेंद्र दास पर अपनी पत्नी को कैंची से बार-बार गोदकर हत्या करने का आरोप है। पत्नीहंता के विरुद्ध बहेड़ी थाना कांड संख्या 355/25 में मृतका सुमित्रा देवी के पिता दुखरन दास ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी। यह घटना समाज में व्याप्त घरेलू हिंसा की गंभीर समस्या को उजागर करती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इन सभी फैसलों से यह स्पष्ट होता है कि अदालत जघन्य अपराधों में संलिप्त लोगों को किसी भी प्रकार की रियायत देने के मूड में नहीं है, जिससे न्याय के प्रति आम जनता का विश्वास और मजबूत होगा।



