

Darbhanga News: समाज की कुरीतियों पर जब न्याय का हथौड़ा चलता है, तो बड़े-बड़े पहाड़ भी दरक जाते हैं। दरभंगा के तुमौल में कुछ ऐसा ही देखने को मिला, जहां जिला विधिक सेवा प्राधिकार ने ‘सौ दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत’ अभियान के तहत एक बड़ी और प्रभावशाली पहल की है।
Darbhanga News: जनसहयोग से ही 100% लागू होगा कानून
उच्च माध्यमिक विद्यालय तुमौल में आयोजित इस पंचायत स्तरीय जागरूकता कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, शिव गोपाल मिश्र ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि बाल विवाह प्रतिषेध जैसे सामाजिक कानूनों को शत प्रतिशत लागू करने के लिए जनसहयोग अनिवार्य है। उन्होंने अभिभावकों और छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा के साथ-साथ स्वास्थ्य पर भी ध्यान देना बहुत जरूरी है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। न्यायाधीश मिश्र ने कहा कि स्वस्थ मन में ही स्वस्थ मस्तिष्क का वास होता है, इसलिए लड़कियों को आत्मरक्षा के लिए खेलकूद के साथ-साथ जूडो-कराटे जैसे खेलों का भी प्रशिक्षण लेना चाहिए।

नाटक और वृक्षारोपण से दिया बड़ा संदेश
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रधान जिला न्यायाधीश द्वारा विद्यालय परिसर में वृक्षारोपण के साथ हुआ, जो पर्यावरण संरक्षण का एक सुंदर संदेश दे गया। इसके बाद, विद्यालय के बच्चों ने अपनी कला का प्रदर्शन करते हुए बाल विवाह जैसी कुप्रथा पर आधारित एक मार्मिक नाटक और प्रेरणादायक कविताओं का पाठ किया। बच्चों की इस जीवंत प्रस्तुति ने सभी का मन मोह लिया और जिला जज ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। जिला विधिक सेवा प्राधिकार की सचिव आरती कुमारी ने कार्यक्रम के अंत में सभी का धन्यवाद ज्ञापन किया। उन्होंने इस आयोजन को सफल बनाने के लिए विद्यालय के बच्चों, शिक्षक सुनील कुमार झा, मुरारी लाल शर्मा और अधिवक्ता मृत्युंजय मृणाल के विशेष योगदान की सराहना की। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर प्रखंड विकास पदाधिकारी ललित कुमार मिश्र, प्रशिक्षु डीएसपी सह बहेड़ा थानाध्यक्ष रौशन कुमार, सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य फूलचंद्र मिश्र ‘रमण’, शिक्षाविद रामकुमार झा, पंचायत के मुखिया सतीश चंद्र झा एवं सरपंच शिवशंकर झा सहित कई अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।



