
Darbhanga News: जब शिक्षा के मंदिर में उपद्रव की लपटें उठें, तो समझिए कुछ गंभीर गड़बड़ है। बिहार के सबसे प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थानों में से एक, दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (डीएमसीएच) गुरुवार को ऐसे ही एक उपद्रव का गवाह बना, जहां छात्रों के उत्पात ने मरीजों की मुश्किलें बढ़ा दीं।
Darbhanga News: DMCH में छात्रों का तांडव, पैथोलॉजी ठप, 150 मरीज बैरंग लौटे; जानें पूरा मामला
Darbhanga News: DMCH में क्यों भड़का छात्रों का गुस्सा?
गुरुवार की सुबह करीब 11 बजे दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (डीएमसीएच) की सेंट्रल क्लिनिक पैथोलॉजी में अचानक हंगामा भड़क उठा। बताया गया कि यूजी छात्रों ने रजिस्ट्रेशन काउंटर और क्लीनिकल पैथोलॉजी खुलते ही बवाल शुरू कर दिया। छात्रों का यह उपद्रव इतना बढ़ गया कि वे रजिस्ट्रेशन काउंटर में घुस गए और वहां मौजूद डाटा ऑपरेटर के साथ मारपीट की। इस अप्रत्याशित घटना से सभी डाटा ऑपरेटर अपनी ड्यूटी छोड़कर भागने को मजबूर हो गए। इसके बाद छात्र सेंट्रल क्लिनिक पैथोलॉजी की ओर बढ़े, जहां मौजूद तकनीशियनों को खुद को लैब के कमरों में बंद कर अपनी जान बचानी पड़ी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस छात्र हंगामा के कारण पैथोलॉजी का कामकाज पूरी तरह से ठप हो गया, जिसका सीधा असर करीब 150 मरीजों पर पड़ा, जिन्हें बिना जांच कराए और रिपोर्ट लिए ही वापस लौटना पड़ा।
सूत्रों के अनुसार, उपद्रवी छात्रों ने अपने चेहरे पर मास्क लगा रखे थे, जिससे उनकी पहचान मुश्किल हो रही थी। कर्मचारियों में भय का माहौल इतना गहरा गया कि उन्होंने अपना काम तुरंत छोड़ दिया। रजिस्ट्रेशन काउंटर, ब्लड कलेक्शन सेंटर और यहां तक कि एक्स-रे सेवाएं भी बंद कर दी गईं। छात्रों ने पैथोलॉजी विभाग के मुख्य गेट का शीशा भी तोड़ दिया, जिससे अस्पताल परिसर में तनाव और बढ़ गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। तकनीशियनों और डाटा कर्मियों ने अस्पताल प्रशासन से तत्काल सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की है, क्योंकि वे सभी डरे हुए और सहमे हुए हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें https://deshajtimes.com/news/national/।
मरीजों की बढ़ी मुश्किलें, सुरक्षा की मांग
इस पूरे प्रकरण के दौरान, बड़ी संख्या में मरीज अपनी जांच रिपोर्ट लेने के लिए काउंटर पर लाइन में खड़े रहे, लेकिन जांच कार्य बंद होने के कारण उन्हें कोई रिपोर्ट नहीं मिल सकी। इमरजेंसी ब्लड कलेक्शन सेंटर भी बंद पाया गया, जहां कई मरीज हाथों में खून के सैंपल लिए हुए परेशान खड़े थे, लेकिन उनकी सुनने वाला कोई नहीं था। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, मामले को शांत कराने के लिए पुलिस को मौके पर बुलाया गया।
Darbhanga News: प्रशासन की पहल और समाधान का आश्वासन
पुलिस की मौजूदगी के बाद पैथोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. शिल्पी नारायण के कार्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में बेंता थानाध्यक्ष विनय मिश्रा, डीएमसीएच के उपाधीक्षक डॉ. अमित कुमार झा और कई वरिष्ठ चिकित्सक उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य इस छात्र हंगामा का समाधान निकालना और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकना था। डीएमसीएच उपाधीक्षक डॉ. अमित कुमार झा ने मीडिया को बताया कि छात्रों के प्रतिनिधियों के साथ विस्तृत बातचीत की गई है। उन्होंने कहा कि छात्रों को उनकी समस्याओं को शांतिपूर्ण तरीके से उठाने और अनुशासन बनाए रखने के महत्व को समझाया गया है। डॉ. झा के अनुसार, छात्रों ने अस्पताल प्रशासन को आश्वासन दिया है कि शुक्रवार से सभी कामकाज पहले की तरह सामान्य रूप से चलेंगे और किसी भी प्रकार का व्यवधान उत्पन्न नहीं किया जाएगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस आश्वासन से उम्मीद जगी है कि अस्पताल में व्यवस्था बहाल होगी और मरीजों को फिर से उचित स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी।





