
Jale Waterlogging: जेठ महीने की शुरुआत में ही प्रकृति का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। लगातार आंधी-पानी ने दरभंगा के जाले प्रखंड में लोगों की कमर तोड़ दी है। आलम यह है कि खेतों में तैयार फसलें डूब रही हैं और घरों में पानी घुसने से चूल्हा जलाना भी दूभर हो गया है।आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। प्रखंड क्षेत्र में लगातार हो रही आंधी-पानी ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। निचले इलाकों में स्थित कई गांवों में घरों में पानी घुस गया है, जिससे लोगों की परेशानी कई गुना बढ़ गई है। जोगियारा पुरानी ब्लॉक मोहल्ला में जल निकासी बाधित होने से करीब आधा दर्जन घरों में पानी जमा हो गया है। इससे घरों में चूल्हा जलाना मुश्किल हो गया है और गृहिणियों को भोजन बनाने में भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।
Jale Waterlogging और जनजीवन पर असर
ग्रामीणों ने बताया कि जिस नाले से मोहल्ले का पानी निकलता था, वहीं पंचायत सरकार भवन का निर्माण कराया जा रहा है। इस निर्माण कार्य के चलते जल निकासी पूरी तरह अवरुद्ध हो गई है। इसका सीधा असर स्वास्थ्य उपकेंद्र और आंगनबाड़ी केंद्र समेत आसपास के इलाकों पर भी पड़ रहा है, जहां पानी जमा होने से कामकाज प्रभावित हो रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। जेठ माह में लगातार आंधी-पानी और उसके बाद हुए जलजमाव से खेतों में लगी गरमा मूंग की फसल सड़ने लगी है, जिससे किसानों को भारी Crop damage का सामना करना पड़ रहा है। यह Crop damage किसानों के लिए चिंता का विषय बन गई है।ग्रामीणों ने प्रशासन से इस गंभीर Jale Waterlogging की समस्या से शीघ्र निजात दिलाने और तत्काल जल निकासी की व्यवस्था कराने की मांग की है ताकि लोगों का दैनिक जीवन सामान्य हो सके। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/







