
संस्कृत विश्वविद्यालय: दरभंगा के कामेश्वर सिंह संस्कृत विश्वविद्यालय में बुधवार को आयोजित सीनेट की 49वीं बैठक हंगामेदार रही। सदस्यों ने कॉलेज में छात्रों की कमी से लेकर आरक्षण रोस्टर तक कई गंभीर मुद्दे उठाए, जिस पर कुलपति ने समाधान का भरोसा दिया है।बुधवार को हुई इस महत्वपूर्ण बैठक में लाए गए सभी प्रस्तावों सहित 2026-27 के लिए वार्षिक बजट को भी अनुमोदित कर दिया गया। अब यह बजट सरकार के पास भेजा जाएगा। बैठक के दौरान मान्य सदस्यों ने संबद्ध संस्कृत कॉलेजों में छात्रों की कमी और आधारभूत संरचनाओं के अभाव जैसे गंभीर मुद्दों को जोर-शोर से उठाया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। इसके साथ ही, संबद्ध कॉलेजों में हुई हालिया नियुक्तियों में आरक्षण रोस्टर का सही ढंग से पालन न किए जाने का सवाल भी उठाया गया, जिससे नियुक्तियों पर सवालिया निशान लगे।
संस्कृत विश्वविद्यालय सीनेट बैठक के अहम मुद्दे
- संस्कृत कॉलेजों में छात्रों की लगातार कम होती संख्या।
- कॉलेजों में आधारभूत संरचनाओं (इन्फ्रास्ट्रक्चर) का घोर अभाव।
- संबद्ध कॉलेजों में हुई नई नियुक्तियों में आरक्षण रोस्टर का कथित उल्लंघन।
- शिक्षकों एवं कर्मचारियों को समय पर वेतन न मिलना और लंबित बकाए का भुगतान न होना।
- सेवा संपुष्टि (Service Confirmation) में अनावश्यक विलंब।
- सिंडिकेट की बैठकों का समय पर न हो पाना।
- महीनों से अंशकालीन शिक्षकों और एनजीओ के लंबित भुगतानों का मसला।
पीआरओ निशिकांत ने बताया कि इन सभी समस्याओं को कुलपति प्रो. लक्ष्मीनिवास पांडेय ने बहुत गंभीरता से लिया है। उन्होंने नियमानुसार इनका हल निकालने का आश्वासन दिया है। इस क्रम में सीनेट की साल में कम से कम दो बैठकें आयोजित करने पर भी जोर दिया गया। बैठक का औपचारिक शुभारंभ कुलसचिव प्रो. ब्रजेशपति त्रिपाठी ने गणापूर्ति की सूचना देने के बाद किया, जिसके बाद सिंडिकेट सदस्यों द्वारा उपस्थापित सभी प्रस्तावों को अनुमोदित कर दिया गया।
यह बैठक कामेश्वर सिंह संस्कृत विश्वविद्यालय के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। प्रो. विनय कुमार चौधरी, प्रो. अजीत कुमार चौधरी, डॉ सुरेश प्रसाद राय, मदन प्रसाद राय, डॉ रामप्रवेश पासवान, सुनील भारती समेत कई सदस्यों ने इन मुद्दों को सदन में उठाया।
कुलगीत और राष्ट्रगान की मनमोहक प्रस्तुति, ममता ठाकुर ने किया मुग्ध
सीनेट की बैठक में एक सुखद क्षण भी आया, जब मिथिला की प्रसिद्ध गायिका और एमआरएसएम कॉलेज, आनंदपुर, सहोड़ा, दरभंगा में संगीत की प्राध्यापिका डॉ. ममता ठाकुर ने विश्वविद्यालय का कुलगीत, राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान प्रस्तुत किया। उनकी मनमोहक गायकी और सटीक प्रस्तुति ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। सीनेट की अध्यक्षता कर रहे माननीय महामहिम सह राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) श्री सैयद अता हसनैन ने डॉ. ठाकुर की प्रस्तुति की विशेष तौर पर सराहना की और उन्हें धन्यवाद दिया। कार्यक्रम समाप्ति पर महामहिम ने व्यक्तिगत रूप से डॉ. ठाकुर से मिलकर उनकी खूब तारीफ की, जिस पर डॉ. ठाकुर ने आभार व्यक्त किया।देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें







