
Maoist arrest Gaya: बिहार के गया जिले से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां पुलिस ने एक दशक से भी ज़्यादा समय से फरार चल रहे एक कुख्यात माओवादी को धर दबोचा है। यह नक्सली 2007 के एक गंभीर मामले में वांछित था और पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ था। उसकी गिरफ्तारी को सुरक्षा बलों की बड़ी कामयाबी माना जा रहा है।
गया पुलिस और सशस्त्र सीमा बल (SSB) की 29वीं बटालियन ने एक संयुक्त अभियान चलाकर गणेश यादव उर्फ विमल यादव उर्फ विमल जी को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई बोधी बीघा थाने के डुमरिया प्रखंड में 2007 में दर्ज एक आपराधिक मामले के संबंध में की गई। बोधी बीघा थाना प्रभारी प्रियनंद आलोक ने बताया कि यह गिरफ्तारी विशिष्ट खुफिया इनपुट के आधार पर की गई। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
17 साल पुराने मामले में वांछित था माओवादी गिरफ्तार आरोपी
पुलिस के मुताबिक, आरोपी औरंगाबाद जिले के मदनपुर थाना क्षेत्र के जमुनिया गांव का निवासी है और वह स्वर्गीय मुसाफिर यादव का पुत्र है। गिरफ्तारी के समय वह अंजन गांव में रह रहा था। अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान गया के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार के निर्देश पर और इमामगंज के डीएसपी कमलेश कुमार की देखरेख में चलाया गया। गया में माओवादी गिरफ्तार होने से इलाके में राहत की सांस ली गई है।
पुलिस और SSB की संयुक्त कार्रवाई
पुलिस ने बताया कि आरोपी बोधी बीघा थाना कांड में नामजद था और कई सालों से फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी से इस पुराने मामले की गुत्थी सुलझने की उम्मीद है। फिलहाल, उससे आगे की पूछताछ जारी है ताकि उसके अन्य नेटवर्क और गतिविधियों का पता लगाया जा सके। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस गिरफ्तारी से नक्सली गतिविधियों पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।






