बदलेगा Madhubani का मुकद्दर : उड़ान के आकाश का उभरता नाम ‘ मधुबनी ‘। जी, मधुबनी अब ऐतिहासिक सौगात लेकर खड़ा है। मधुबनी से सीधी उड़ान! यह सपना नहीं, हकीकत बनने जा रहा है। मिथिला क्षेत्र को एक और हवाई कनेक्टिविटी का तोहफा मिलने जा रहा है। इसके साथ ही,
तारीख भी मुकर्रर, अब इंतजार है उड़ान भरने की…
मधुबनी एयरपोर्ट से मिथिला को नई रफ्तार मिलेंगी। पर्यटन और व्यापार को बूस्ट मिलेगा। इसकी तारीख भी मुकर्रर हो चुकी है। 24 अप्रैल से बदलेगा मिथिला के साथ मधुबनी का मुकद्दर बदलने जा रहा है। मधुबनी में पीएम मोदी इसी दिन एयरपोर्ट की नींव रखेंगे।
दरभंगा पर निर्भरता खत्म के संदेश के साथ मधुबनी
इसके साथ ही, दरभंगा पर निर्भरता खत्म के संदेश के साथ मधुबनी से छोटे विमान उड़ान भरेंगे। इससे रोजगार बढ़ेगा। साथ ही, मधुबनी एयरपोर्ट से जयनगर, झंझारपुर और नेपाल सीमा के लोगों को बड़ी राहत मिलेंगी।
मिथिला पेंटिंग से मशहूर मधुबनी अब हवाई मानचित्र पर चमकेगा
इतना ही नहीं, मिथिला पेंटिंग से मशहूर मधुबनी अब हवाई मानचित्र पर चमकेगा। मधुबनी में एयरपोर्ट और उड़ान की शुरूआत होने से लोक कला, पर्यटन और ग्लोबल मार्केट से सीधा संबंध हो जाएगा। मधुबनी एयरपोर्ट बनते ही मिथिला का व्यापार और पर्यटन नई उड़ान के पंख लगाएंगें।
हवाई सफर अब सपना नहीं हकीकत
उड़ान योजना का तोहफा मधुबनी से देश के बड़े शहरों तक हवाई सफर अब सपना नहीं हकीकत में बदल देगा। अब खबर विस्तार से
विकास को नई उड़ान देने के लिए मधुबनी तैयार
बिहार के लिए केंद्र सरकार की बड़ी सौगात
बिहार (Bihar) के विकास को नई उड़ान देने के लिए केंद्र सरकार ने राज्य के 7 नए हवाई अड्डों (New Airports in Bihar) के निर्माण और उड़ान सेवा शुरू करने की मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत 190 करोड़ रुपये की राशि भी जारी कर दी गई है। इससे न केवल कनेक्टिविटी (Connectivity) बढ़ेगी, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था (Local Economy), रोजगार (Employment) और पर्यटन (Tourism) को भी जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा।
मधुबनी को मिलेगा अपना पहला एयरपोर्ट
मिथिला क्षेत्र के लोगों को मिलेगी बड़ी सुविधा
मधुबनी (Madhubani Airport) को पहली बार एयरपोर्ट की सौगात मिलने वाली है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 24 अप्रैल को मधुबनी एयरपोर्ट का शिलान्यास करेंगे। यह परियोजना केंद्र सरकार की उड़ान योजना (UDAN Scheme) के तहत विकसित की जा रही है, जहां से छोटे विमान (20 सीट वाले विमान) उड़ान भरेंगे।
मधुबनी एयरपोर्ट के शुरू होने से झंझारपुर, जयनगर, नेपाल सीमा और आसपास के ग्रामीण इलाकों को सीधे हवाई संपर्क मिलेगा। इससे व्यापार, रोजगार और पर्यटन में नई जान आएगी।
मिथिला की पहचान को मिलेगा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच
मधुबनी पेंटिंग और लोकसंस्कृति को मिलेगा बढ़ावा
मधुबनी अपनी मिथिला पेंटिंग, लोक परंपरा और भाषाई विविधता के लिए दुनियाभर में मशहूर है। एयरपोर्ट बनने से अब यहां का स्थानीय उद्योग (Local Industries) भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों से जुड़ सकेगा। इससे स्थानीय कलाकारों और हस्तशिल्प व्यवसायियों को भी बड़े स्तर पर लाभ मिलेगा।
ये सात शहर बनेंगे बिहार के हवाई नक्शे पर नये सितारे
इन शहरों में बनेंगे नए एयरपोर्ट
बीरपुर (सुपौल)
सहरसा
मुंगेर
मुजफ्फरपुर
वाल्मीकिनगर (पश्चिम चंपारण)
मधुबनी
पूर्णिया
इन सभी हवाई अड्डों को भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) द्वारा विकसित किया जाएगा और इसके लिए राज्य सरकार और AAI के बीच एमओयू साइन किया जाएगा।
छोटे शहरों को मिलेगी देशभर से सीधी हवाई कनेक्टिविटी
उड़ान योजना से हवाई यात्रा होगी सबके लिए सुलभ
इन एयरपोर्ट्स से छोटे विमान (Small Aircrafts) उड़ान भरेंगे, जिससे आम लोगों को भी कम किराए में हवाई यात्रा का लाभ मिलेगा। उड़ान योजना का उद्देश्य छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों को देश के बड़े शहरों से जोड़ना है।
पर्यटन और रोजगार के नए अवसर
वाल्मीकिनगर टाइगर रिजर्व से बढ़ेगा पर्यटन
वाल्मीकिनगर (Valmikinagar) जहां बिहार का इकलौता टाइगर रिजर्व है, वहां एयरपोर्ट खुलने से पर्यटन को जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा। इससे आसपास के इलाकों में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और पर्यटन व्यवसाय में भी तेजी आएगी।