Patna | Bihar शिक्षा विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए राज्य के सभी सरकारी विद्यालयों में 28 अप्रैल से 2 मई 2025 तक विशेष अभियान के तहत पाठ्य पुस्तकों के वितरण का निर्देश दिया है। इस संबंध में अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ ने सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों (DEO) को स्पष्ट आदेश जारी किए हैं।
सभी विद्यालयों तक पहुंच चुकी हैं किताबें
शिक्षा विभाग के अनुसार, कक्षा 1 से 8 तक की पाठ्य पुस्तकें पहले ही बिहार राज्य पाठ्यपुस्तक प्रकाशन निगम के माध्यम से सभी प्रखंड संसाधन केंद्रों (BRC) तक भेजी जा चुकी हैं।
- Advertisement -🔥 आज की सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें1
वैशाली हाई प्रोफाइल डबल मर्डर में एनकाउंटर: पुलिस की इंसास राइफल छीनने की कोशिश, मुठभेड़ में अपराधी का हॉफ Encounter, ऐसे हुई गिरफ्तारी!2
बिहार में TB से मुक्ति का महाभियान: 14 अगस्त तक 1 करोड़ लोगों की जांच, जानें आपका जिला कितना तैयार? |मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने क्या कहा – कौन जिला टॉप पर, कौन आगे, कौन पीछे?3
बैंकॉक में भयानक हादसा! पब में आग से 27 की जिंदा जलकर मौत, 63 घायल, कैसे हुआ हादसा? प्रारंभिक जांच में बड़ा खुलासा!4
कैमूर में बड़ा खुलासा! 170 पशु तस्करों के कब्जे से छुड़ाए, 4 गिरफ्तार, थर्राया गैंग-हिल गया पूरा नेटवर्क!5
बांकीपुर में JJD प्रत्याशी वीणा मानवी नामांकन करते ही गिरफ्तार! भड़के तेज प्रताप यादव का ऐलान: ‘सुदर्शन चक्र चलेगा’6
‘जो अपने बाप का नहीं हुआ, वो किसी का नहीं’: रामदेव के इस बयान ने बिहार तक हिलाया, हिंदू राष्ट्र पर छिड़ी बहस …|दाढ़ी रखो, मूंछ कटाओ, टोपी पहनोअब सुनिश्चित किया जा रहा है कि ये किताबें समय पर विद्यालयों तक पहुंचें और छात्रों को वितरित कर दी जाएं।
- Advertisement -
DEO को सौंपा गया विशेष कार्य
डॉ. एस. सिद्धार्थ ने सभी DEO को निर्देशित किया है कि वे अपने अधीनस्थ प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों (BEO) से यह पुष्टि कराएं कि सभी स्कूलों में किताबें पहुंच गई हैं।
किताब वितरण के लिए 28 अप्रैल से 2 मई 2025 तक विशेष पुस्तक वितरण समारोह आयोजित करने का आदेश दिया गया है।
माता-पिता और जनप्रतिनिधियों को भी बुलाया जाएगा
समारोह के दौरान छात्रों के माता-पिता और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित किया जाएगा।
छात्रों को पुस्तकों का वितरण उन्हीं की उपस्थिति में किया जाएगा।
समारोह की फोटोग्राफी कराई जाएगी और वितरण प्रक्रिया का डॉक्यूमेंटेशन भी अनिवार्य रूप से किया जाएगा।
गुणवत्ता पर भी विशेष ध्यान
शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि किताबों की गुणवत्ता की जांच भी वितरण के समय की जाए।
यदि किसी भी पुस्तक में गुणवत्ता संबंधी कमी पाई जाती है, तो इसकी तत्काल सूचना प्रकाशन निगम को दी जाएगी।
बिहार सरकार का यह विशेष अभियान सुनिश्चित करेगा कि शिक्षा सत्र की शुरुआत में ही छात्रों को पाठ्य सामग्री मिल जाए, जिससे उनकी पढ़ाई में कोई बाधा न आए। विभाग की सतर्कता से किताबों की गुणवत्ता और वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता और जिम्मेदारी भी सुनिश्चित की जा रही है।














