back to top
⮜ शहर चुनें
फ़रवरी, 17, 2026
spot_img

42 साल बाद बिहार में होगा कुछ ख़ास, 28 राज्यों से आ रहे है …जानिए

spot_img
- Advertisement - Advertisement

पटना। 20 और 21 जनवरी को बिहार विधानसभा में अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारियों का सम्मेलन आयोजित होगा। यह सम्मेलन संवैधानिक व्यवस्था को सुदृढ़ करने और संसद-विधायिका की भूमिका पर चर्चा का एक मंच बनेगा। 1982 के बाद पहली बार यह आयोजन बिहार में हो रहा है।

- Advertisement -

सम्मेलन की विशेषताएं

  • उद्घाटन:
    • उद्घाटन लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला करेंगे।
    • राज्यसभा के उपाध्यक्ष हरिवंश विशेष रूप से मौजूद रहेंगे।
  • शामिल होंगे:
    • 28 राज्यों के विधानसभा अध्यक्ष।
    • 6 विधान परिषदों के सभापति।
    • केंद्र शासित प्रदेशों के स्पीकर।
    • कुल लगभग 300 अतिथि।
  • स्थल:
    • उद्घाटन और समापन सत्र बिहार विधानसभा के सेंट्रल हॉल में होगा।
    • 19 जनवरी को अतिथि पटना पहुंचेंगे।
यह भी पढ़ें:  Bihar Police Exam Fraud: सिपाही भर्ती में डमी कांड, 4 अभ्यर्थी गिरफ्तार, क्या है पूरी साज़िश?

कार्यक्रम का एजेंडा

  • संवैधानिक व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में संसद और विधायिका की भूमिका।
  • विधायिकाओं की वर्तमान चुनौतियां और समाधान।
  • लोकसभा और विधानसभाओं में नियमों की प्रभावशीलता।

पर्यटन स्थलों का भ्रमण

21 जनवरी को समापन के बाद अतिथियों के लिए पटना के प्रमुख पर्यटन स्थलों का भ्रमण आयोजित होगा। इसमें शामिल हैं:

- Advertisement -
  1. हरि मंदिर साहिब गुरुद्वारा।
  2. बापू टावर।
  3. सभ्यता द्वार।
  4. बिहार संग्रहालय।
यह भी पढ़ें:  Bihar Land Mafia: बिहार में भू-माफियाओं की अब खैर नहीं, हर अंचल में दर्ज होगी FIR!

तैयारियां जोरों पर

  • विधानसभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव तैयारियों की व्यक्तिगत निगरानी कर रहे हैं।
  • प्रोटोकॉल और लाइजन अधिकारियों को अतिथियों के परिवहन, आवास, और अन्य व्यवस्थाओं में कोई कमी न रहने देने के निर्देश दिए गए हैं।

महत्वपूर्ण तथ्य

  • बिहार में यह सम्मेलन 85वीं बार हो रहा है।
  • पिछली बार 1982 में जब यह आयोजन हुआ था, तब कांग्रेस के राधानंदन झा विधानसभा अध्यक्ष थे।
यह भी पढ़ें:  Bihar Tourism: बिहार में पर्यटन को लगेंगे पंख, बुद्ध सर्किट के विकास पर ADB के साथ महामंथन

निष्कर्ष

यह सम्मेलन न केवल विधायिका की भूमिका को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि बिहार की सांस्कृतिक और प्रशासनिक क्षमताओं को प्रदर्शित करने का भी अवसर है। बिहार सरकार और विधानसभा प्रशासन इसे सफल बनाने में जुटा है।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

सिद्धांत चतुर्वेदी: जब स्कूल में लुक को लेकर उड़ता था मजाक, बोले – बालों को स्ट्रेट करने की करता था कोशिश

Siddhant Chaturvedi News: बॉलीवुड के चमकते सितारे सिद्धांत चतुर्वेदी आजकल अपनी अपकमिंग फिल्म 'दो...

JEE Main जनवरी सत्र के परिणाम: कोटा ने फिर लहराया सफलता का परचम, 7 छात्रों ने हासिल किए 100 पर्सेंटाइल

JEE Main: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा घोषित जेईई-मेन्स जनवरी सत्र के नतीजों ने...

Madhubani News: मधुबनी में मासूमों के दुश्मनों पर एक्शन, Child Labour के खिलाफ Mega Raid, 3 बच्चे मुक्त, मालिकों पर FIR

Child Labour: जिस उम्र में हाथों में कलम-किताब होनी चाहिए, उस उम्र में कुछ...

जियो प्लान: ₹5 प्रतिदिन में पाएं साल भर की टेंशन फ्री वैलिडिटी, जानें इस प्लान के फायदे

Jio Plan: भारत के टेलीकॉम बाजार में बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच, जियो ने एक...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें