



लौरिया से विधायक विनय बिहारी ने बिहार विधानसभा में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार के लिए देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्मश्री की पुरजोर मांग उठाई। इस मांग ने सदन के भीतर एक अलग ही माहौल पैदा कर दिया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
बिहार असेंबली में सम्मान की मांग क्यों?
विनय बिहारी ने अपने वक्तव्य में कहा कि डॉ. प्रेम कुमार देश के पहले ऐसे राजनेता हैं, जिन्होंने सार्वजनिक जीवन में रहते हुए न केवल अपने क्षेत्र का प्रतिनिधित्व निष्ठा से किया, बल्कि सामाजिक उत्थान और शिक्षा के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय योगदान दिया है। उन्होंने डॉ. प्रेम कुमार के जनसेवा के लंबे रिकॉर्ड और विभिन्न पदों पर रहते हुए उनके समर्पण का विशेष रूप से उल्लेख किया। बताते चलें कि पद्मश्री अवार्ड भारत सरकार द्वारा दिया जाने वाला चौथा सर्वोच्च नागरिक सम्मान है, जो कला, शिक्षा, उद्योग, साहित्य, विज्ञान, खेल, समाज सेवा और सार्वजनिक जीवन जैसे विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रदान किया जाता है।
विधायक बिहारी ने आगे कहा कि ऐसे व्यक्तित्व को राष्ट्रीय सम्मान से नवाजना न केवल उनके योगदान का सम्मान होगा, बल्कि यह अन्य जन प्रतिनिधियों को भी प्रेरित करेगा कि वे भी निस्वार्थ भाव से समाज सेवा में जुटें। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/
डॉ. प्रेम कुमार का योगदान और उनकी पहचान
डॉ. प्रेम कुमार बिहार की राजनीति में एक जाना-पहचाना चेहरा हैं। उन्होंने दशकों तक जनता की सेवा की है और विभिन्न पदों पर रहते हुए कई विकासात्मक कार्यों को अंजाम दिया है। उनकी निष्ठा और समर्पण की अक्सर सराहना की जाती है। सदन में कई सदस्यों ने इस मांग पर मौन सहमति भी जताई, जिससे यह संकेत मिला कि डॉ. प्रेम कुमार के प्रति सम्मान का भाव केवल एक विधायक तक सीमित नहीं है, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह एक व्यापक भावना है।
यह देखना दिलचस्प होगा कि विधानसभा अध्यक्ष के लिए पद्मश्री की यह मांग आगे क्या मोड़ लेती है और क्या सरकार इस पर कोई संज्ञान लेती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।



