Fake TTE: रेलवे की वर्दी का रौब दिखाकर यात्रियों की जेब हल्की करने वालों के दिन अब लद गए हैं। समस्तीपुर में एक ऐसे ही शातिर को दबोचा गया है, जो चलती ट्रेन में खुद को टिकट चेकिंग स्टाफ बताकर यात्रियों को चूना लगा रहा था, लेकिन उसकी चालाकी धरी की धरी रह गई।
मामला समस्तीपुर रेल मंडल का है, जहां दिनांक 04 जनवरी 2026 को एक सजग टिकट निरीक्षक ने यात्रियों की मदद से इस फर्जीवाड़े का भंडाफोड़ किया। जानकारी के अनुसार, टिकट निरीक्षक जब गाड़ी संख्या 17006 से अपनी ड्यूटी पूरी कर बरौनी से लौट रहे थे, तब उन्हें कुछ यात्रियों ने एक गंभीर शिकायत की। यात्रियों ने बताया कि गाड़ी संख्या 12578 के सामान्य कोच में एक व्यक्ति खुद को रेलवे का चेकिंग स्टाफ बताकर टिकटों की जांच कर रहा है और जिनके पास टिकट नहीं है, उनसे अवैध वसूली कर रहा है।




यात्रियों से मिली इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए टिकट निरीक्षक तुरंत हरकत में आए। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। उन्होंने शिकायत करने वाले यात्रियों को साथ लिया और उक्त ट्रेन के जनरल कोच में पहुंच गए। वहां उन्होंने देखा कि एक व्यक्ति सचमुच यात्रियों से टिकट मांग रहा था और उन्हें डरा-धमका रहा था।
जब असली TTE के हत्थे चढ़ा Fake TTE
मौके पर ही असली टिकट निरीक्षक ने उस व्यक्ति को रोककर पूछताछ शुरू कर दी। जब उससे टिकट जांच से संबंधित अधिकार पत्र दिखाने को कहा गया, तो वह कोई भी वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया और बताया कि वह अनधिकृत रूप से टिकट जांच कर रहा था। आरोपी की पहचान हर्षवर्धन भारद्वाज उर्फ चुलबुल (उम्र लगभग 43 वर्ष) के रूप में हुई है, जो बेगूसराय जिले के तेघड़ा का रहने वाला है।
इसी बीच ट्रेन समस्तीपुर रेलवे स्टेशन पर पहुंच चुकी थी। स्टेशन पर पहले से ही तैयार रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और RPF की CIB टीम ने टिकट निरीक्षक के सहयोग से उस व्यक्ति को हिरासत में ले लिया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए उसे रेलवे पुलिस (GRP), समस्तीपुर को सौंप दिया गया है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
रेल प्रशासन ने यात्रियों से की अपील
इस घटना के बाद रेल प्रशासन ने एक बार फिर यात्रियों से सतर्क रहने की अपील की है। रेलवे ने कहा है कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति द्वारा टिकट जांच करने या पैसे मांगने पर तुरंत ट्रेन में मौजूद ऑन-ड्यूटी रेल कर्मियों, RPF या GRP को सूचित करें। आपकी एक सूचना किसी बड़े अपराध को होने से रोक सकती है। रेलवे अपने यात्रियों की सुरक्षा और उनके हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है और इस तरह की गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई करता रहेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।







