
Samastipur Railway Hospital: पूर्व मध्य रेल के समस्तीपुर मंडल चिकित्सा विभाग ने वर्ष 2025-26 के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं में अभूतपूर्व उपलब्धियाँ हासिल की हैं। 1.23 लाख से अधिक ओपीडी मरीजों का इलाज और सैकड़ों सफल सर्जरी के साथ, मंडल ने रेलकर्मियों और यात्रियों को बेहतरीन चिकित्सा सुविधाएं प्रदान की हैं, जो एक नया कीर्तिमान है। यह विभाग निरंतर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है, जिससे न केवल कर्मचारियों बल्कि आम जनता को भी लाभ मिल रहा है।
आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
Samastipur Railway Hospital की उपलब्धियां: रिकॉर्ड तोड़ उपचार और सफल सर्जरी
समस्तीपुर मंडल के चिकित्सा विभाग ने वित्त वर्ष 2025-26 में स्वास्थ्य के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य किए हैं। इस दौरान Samastipur Railway Hospital और विभिन्न हेल्थ यूनिट्स के माध्यम से रेल कर्मचारियों, उनके आश्रितों और यात्रियों को उच्च गुणवत्ता वाली रेलवे स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की गईं। इस अवधि में कुल 1,23,712 ओपीडी मरीजों का सफल उपचार किया गया, जबकि 2,145 मरीजों को अस्पताल में भर्ती कर इनडोर सुविधाएँ दी गईं। 644 लघु शल्य क्रियाएँ और 20 प्रमुख सर्जरी सफलतापूर्वक संपन्न की गईं। इसके अतिरिक्त, मंडल के विभिन्न स्टेशनों पर 1,705 स्टेशन कॉल के माध्यम से आपातकालीन चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई गई, जिससे यात्रियों को समय पर उपचार मिल सका।
विशेष स्वास्थ्य शिविर और जागरूकता अभियान
चिकित्सा विभाग द्वारा वर्षभर विशेष स्वास्थ्य जांच शिविरों का व्यापक आयोजन किया गया। मंडल रेल अस्पताल और हेल्थ यूनिट्स में आयोजित शिविरों में कुल 7,457 लोगों की जांच हुई। महिला सशक्तिकरण को ध्यान में रखते हुए “स्वस्थ नारी सशक्त परिवार” अभियान के तहत 25 शिविरों में 2,837 महिलाओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। स्वच्छता के महत्व को रेखांकित करते हुए स्वच्छता पखवाड़ा के दौरान 07 शिविरों में 267 स्वच्छता मित्रों की जांच की गई।
इसके अलावा, विशेष स्वास्थ्य सेवाओं के अंतर्गत कई महत्वपूर्ण शिविर लगाए गए:
- दरभंगा स्टेशन पर मेगा हेल्थ चेकअप कैंप: 255 लोगों की नेत्र एवं दंत जांच।
- क्रॉनिक लिवर रोगियों के लिए फाइब्रो-स्कैन कैंप: 117 मरीजों की जांच।
- समस्तीपुर स्टेशन पर HIV परीक्षण शिविर: 265 लोगों की जांच।
आपातकालीन सेवाओं को भी सुदृढ़ किया गया, जिसमें 8,855 इमरजेंसी ओपीडी केस, 715 स्टेशन कॉल और 103 कट इंजरी केस का सफलतापूर्वक उपचार किया गया। रेल कर्मचारियों और उनके परिवारों के लिए 1,055 RELHS और 1,268 अन्य मामलों का प्रबंधन भी किया गया। विभिन्न पर्व-त्योहारों पर प्रमुख स्टेशनों पर चिकित्सा टीमों की तैनाती कर भीड़ प्रबंधन और प्राथमिक उपचार सुनिश्चित किया गया।
आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
आधुनिक अधोसंरचना और उपकरण: भविष्य के लिए तैयारी
मंडल के मेडिकल अधोसंरचना में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है। महिला वार्ड, स्त्री रोग वार्ड, बच्चों के वार्ड, ओपीडी और केबिनों का नवीनीकरण किया गया है। मंडल रेल अस्पताल के नए भवन के लिए ₹12 करोड़ की स्वीकृति मिली है और 30 ICU बेड की व्यवस्था की जा रही है, जो आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का एक महत्वपूर्ण हिस्सा होगी।
आधुनिक चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु कई अत्याधुनिक उपकरण स्वीकृत और क्रय किए गए हैं, जिनमें निम्न प्रमुख हैं:
- मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर
- पोर्टेबल एक्स-रे
- इम्यूनो एनालाइज़र
- लैप्रोस्कोपी मशीन
- ECG मशीन
मेडिकल रिइम्बर्समेंट के तहत 237 मामलों में से 191 का निस्तारण करते हुए लगभग ₹57.32 लाख का भुगतान किया गया। समस्तीपुर मंडल का चिकित्सा विभाग बेहतर रेलवे स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने, आधुनिक तकनीकों को अपनाने और जनहित में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है। ये उपलब्धियाँ विभाग की कार्यकुशलता और सेवा भावना का प्रमाण हैं।
देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें







