
KC Tyagi joins RLD: सियासत की बिसात पर मोहरों का बदलना कोई नई बात नहीं, लेकिन जब कोई बड़ा खिलाड़ी पाला बदलता है तो चर्चाएं स्वाभाविक हैं। एक ऐसा ही बड़ा उलटफेर देखने को मिला है बिहार की राजनीति में, जहां जनता दल यूनाइटेड के कद्दावर नेता और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पूर्व सलाहकार केसी त्यागी ने अब राष्ट्रीय लोक दल का दामन थाम लिया है।
KC Tyagi joins RLD: त्यागी के नए सियासी सफर की शुरुआत
केसी त्यागी का राष्ट्रीय लोक दल में शामिल होना बिहार और उत्तर प्रदेश दोनों राज्यों की राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटना मानी जा रही है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। केंद्रीय मंत्री और रालोद प्रमुख जयंत चौधरी की उपस्थिति में त्यागी ने विधिवत पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। लंबे समय से राजनीतिक गलियारों में उनके नए दल में जाने की अटकलें लगाई जा रही थीं, जिन पर अब पूर्ण विराम लग गया है। आपको बता दें कि त्यागी ने हाल ही में जनता दल यूनाइटेड के सदस्यता अभियान के दौरान अचानक अपना इस्तीफा देकर सबको चौंका दिया था, हालांकि उस समय उन्होंने अपने इस बड़े निर्णय का कोई ठोस कारण सार्वजनिक नहीं किया था।
त्यागी का वैचारिक संकल्प और जेडीयू से दूरी
जनता दल यूनाइटेड छोड़ते समय केसी त्यागी ने यह स्पष्ट किया था कि वे दलितों, किसानों और समाज के वंचित वर्गों के व्यापक वैचारिक मुद्दों के प्रति आज भी उतने ही प्रतिबद्ध हैं, जितने पहले थे। उन्होंने यह भी कहा था कि लगभग पांच दशकों तक उनके साथी रहे नीतीश कुमार के प्रति उनका व्यक्तिगत सम्मान हमेशा बना रहेगा, लेकिन इस बार उन्होंने अपनी पार्टी की सदस्यता का नवीनीकरण नहीं कराया। यह एक बड़े राजनीतिक दिग्गज का ऐसा फैसला था, जिसने कई सवालों को जन्म दिया। राजनीतिक पंडितों का मानना है कि पिछले कुछ महीनों से नीतीश कुमार और त्यागी के बीच दूरियां बढ़ती जा रही थीं, जिसके बाद उन्होंने जयंत चौधरी की पार्टी के साथ एक नई राजनीतिक पारी शुरू करने का फैसला किया।
जेडीयू के राष्ट्रीय चेहरे से रालोद में नई भूमिका
केसी त्यागी जनता दल यूनाइटेड के उन चुनिंदा नेताओं में से थे जो 2003 में समता पार्टी और जनता दल के विलय के समय से ही नीतीश कुमार के साथ मजबूती से खड़े रहे थे। जॉर्ज फर्नांडिस के दौर में उन्होंने पार्टी के महासचिव का पद संभाला और बाद में शरद यादव व नीतीश कुमार के साथ मिलकर संगठन में मुख्य प्रवक्ता और राजनीतिक सलाहकार जैसे कई महत्वपूर्ण पदों पर अपनी जिम्मेदारी निभाई। उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर जनता दल यूनाइटेड का एक बड़ा और विश्वसनीय चेहरा माना जाता रहा है। अब राष्ट्रीय लोक दल में शामिल होने के बाद, पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति और किसानों से जुड़े मुद्दों पर उनके व्यापक अनुभव का बड़ा लाभ जयंत चौधरी की पार्टी को मिलने की उम्मीद है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।



