
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) ने 68वीं प्रारंभिक परीक्षा (PT) व मुख्य परीक्षा (Mains) के पैटर्न में कई बदलाव किए हैं। बीपीएससी (BPSC) ने अब PT स्तर पर निगेटिव मार्किंग को लागू कर दिया है। इस पर भी मुहर लग गई है कि गलत जवाब के लिए अब कितने अंक काटे जाएंगे।
यानि हर गलत उत्तर परीक्षार्थियों के मौकों को कम करेगा। बीपीएससी (BPSC) ने हर एक गलत उत्तर के लिए अभ्यर्थियों के 0.25 अंक काटने का निर्णय लिया है। यानि चार गलत उत्तर देने वाले अभ्यर्थियों को सही उत्तरों के लिए मिले अंकों में एक अंक कम कर देगा। बीपीएससी (BPSC) ने इसकी अधिसूचना जारी भी कर दी है।
जानकारी के अनुसार, पैटर्न को बदला गया है। इस संबंध में अधिसूचना जारी करते कहा गया है कि प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा दोनों के पैटर्न में बदलाव है। अब पीटी में निगेटिव मार्किंग होगी। यह भी तय हो गया है कि हर गलत उत्तर पर एक चौथाई (0.25 अंक) नंबर कटेगा. एक-एक नंबर के 150 प्रश्न आएंगे।
निगेटिव मार्किंग की व्यवस्था को बीपीएससी (BPSC) बड़ा बदलाव मान रहा है। BPSC का कहना है कि यह बदलाव अभ्यर्थियों से मिले सुझावों के बाद किया गया है। प्रारंभिक परीक्षा (PT) स्तर पर 150 अंक के प्रश्न पूछे जाएंगे।
हर प्रश्न के लिए एक अंक तय है। वहीं सामान्य हिन्दी विषय में तीस अंकों को प्राप्त करना भी अब अनिवार्य होगा। यह बदलाव संयुक्त लिखित मुख्य परीक्षा यानि Mains में हुआ है। सामान्य हिंदी विषय की परीक्षा 100 अंकों की होगी। इसमें 30 प्राप्तांक अनिवार्य कर दिया गया है। लेकिन बड़ी बात ये है कि मेरिट लिस्ट में इन अंकों को नहीं जोड़ा होगा। लेकिन न्यूनतम अंक प्राप्त करने वाले ही मेरिट अंक में आएंगे।





