
अवैध हथियार गिरफ्तारी: बिहार के दरभंगा जिले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। बिरौल अनुमंडल क्षेत्र में एक युवक को अवैध हथियार और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपी को पोखराम गांव से दबोचा है, जिसके पास से एक देशी पिस्तौल और दो जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं।
कैसे हुई गिरफ्तारी?
जानकारी के अनुसार, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि पोखराम गांव में रणधीर आचार्य नामक एक व्यक्ति हथियार के साथ घूम रहा है। सूचना मिलते ही बिरौल थानाध्यक्ष चंद्रमणि ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक पुलिस टीम का गठन किया। टीम ने पोखराम गांव की घेराबंदी की। छापेमारी के दौरान, पुलिस टीम ने आम के बगीचे में एक संदिग्ध युवक को देखा, जो पुलिस को देखते ही भागने लगा। पुलिस ने पीछा कर उसे पकड़ा। पूछताछ में उसने अपनी पहचान रणधीर आचार्य, पिता जगदीश आचार्य, निवासी पोखराम, बिरौल के रूप में बताई।
तलाशी लेने पर रणधीर आचार्य के बाएं कमर से एक देशी पिस्तौल और 7.62 एमएम के दो कारतूस बरामद हुए। पिस्तौल की कुल लंबाई 16 अंगुल बताई गई है। पुलिस ने जब उससे हथियार से संबंधित वैध कागजात या लाइसेंस मांगा, तो वह कोई दस्तावेज नहीं दिखा पाया। इसके बाद पुलिस ने वीडियोग्राफी करते हुए बरामद हथियार और कारतूस को जब्त कर लिया। चूंकि मौके पर कोई गवाह उपलब्ध नहीं था, इसलिए छापेमारी दल में शामिल गृहरक्षक सिपाहियों को साक्षी बनाया गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
अवैध हथियार गिरफ्तारी: पुलिस का अभियान जारी
गिरफ्तार अभियुक्त रणधीर आचार्य को अवैध आग्नेयास्त्र और गोली रखने के आरोप में थाना लाया गया, जहां उसके खिलाफ देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें आर्म्स एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
बिरौल थानाध्यक्ष चंद्रमणि ने बताया कि उनके आवेदन पर बिरौल थाना में मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपी रणधीर आचार्य को आर्म्स एक्ट के तहत न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि क्षेत्र में अवैध हथियार रखने और तस्करी करने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। इस अवैध हथियार गिरफ्तारी के बाद पुलिस का मनोबल बढ़ा है और उम्मीद है कि ऐसे अभियानों से क्षेत्र में अपराध पर लगाम लगेगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।







