बिहार वज्रपात समाचार: बिहार में शुक्रवार सुबह मौसम ने अचानक करवट ली। तेज आंधी और बारिश के साथ राज्य के करीब 20 जिलों में घना अंधेरा छा गया। इसी दौरान आकाशीय बिजली गिरने से सात लोगों की दुखद मौत हो गई।
आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
कई जिलों में छाया घना अंधेरा, दिन में भी लगा रात जैसा माहौल
सुबह करीब आठ बजे के बाद कई जिलों में मौसम तेजी से बदला। लोगों ने दिन में ही अंधेरे जैसी स्थिति देखी। पटना, खगड़िया, रोहतास, औरंगाबाद, कैमूर और छपरा समेत करीब 20 जिलों में पहले घना अंधेरा छाया, फिर तेज हवा और बारिश शुरू हो गई। कई इलाकों में तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश हुई। सड़क पर चल रहे वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कुछ जगहों पर पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति बाधित होने की भी सूचना मिली।
बिहार वज्रपात समाचार: वज्रपात से 7 लोगों की मौत, सरकार का बड़ा फैसला
मौसम विभाग ने पहले ही खराब मौसम और वज्रपात को लेकर अलर्ट जारी किया था। राज्य में पश्चिमी विक्षोभ और नमी के प्रभाव से तेज बारिश और वज्रपात की आशंका जताई गई थी। राज्य में सबसे अधिक असर दक्षिण और मध्य बिहार के जिलों में देखा गया। आकाशीय बिजली गिरने से औरंगाबाद में दो लोगों की जान गई। गया में तीन लोगों की मौत हुई। सारण और खगड़िया में एक-एक व्यक्ति की मौत की पुष्टि हुई है।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जताया शोक, 4 लाख मुआवजे का ऐलान
बिहार सरकार ने हादसों पर गहरा दुख जताया है। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया पर शोक संदेश जारी करते हुए कहा कि वज्रपात में लोगों की असामयिक मौत बेहद दुखद है। सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है। उन्होंने आपदा प्रबंधन विभाग को निर्देश दिया कि सभी मृतकों के परिजनों को तुरंत चार-चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाए।
सरकार ने लोगों से खराब मौसम में सावधानी बरतने की अपील भी की है। प्रशासन ने कहा है कि बारिश और वज्रपात के दौरान खेत, खुले मैदान और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें। मौसम खराब होने पर लोग घरों में रहें। आपदा प्रबंधन विभाग लगातार लोगों को मोबाइल संदेश और अन्य माध्यमों से सतर्क कर रहा है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।







