Bihar Child Labor: बिहार के कुशेश्वरस्थान पूर्वी में एक स्कूल से जुड़ा हैरान करने वाला मामला सामने आया है। उत्क्रमित मध्य विद्यालय धोबलिया में बच्चों से पढ़ाई के बजाय स्कूल परिसर की सफाई कराने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घटना के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है। बाल श्रम अधिनियम के खुलेआम उल्लंघन का यह मामला अब जांच के दायरे में है।
वायरल वीडियो के आधार पर, बीडीओ प्रभा शंकर मिश्रा ने उत्क्रमित मध्य विद्यालय धोबलिया के प्रधानाध्यापक पदम भूषण प्रसाद से तुरंत स्पष्टीकरण मांगा है। उन्होंने इस मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया है।
बच्चों से कुदाल चलवाकर साफ कराया स्कूल परिसर
बीडीओ द्वारा जारी किए गए पत्र में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि एक वीडियो में बच्चों को स्कूल परिसर में सफाई करते हुए देखा जा रहा है। वीडियो फुटेज में छात्र कुदाल चलाकर जंगल की सफाई करते और अन्य तरह के शारीरिक श्रम करते दिख रहे हैं। बीडीओ प्रभा शंकर मिश्रा ने इसे बाल श्रम अधिनियम का सीधा उल्लंघन माना है, जो बच्चों के अधिकारों का हनन है।
बीडीओ प्रभा शंकर मिश्रा ने कहा, ‘यदि जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया तो उनके खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।’
प्रधानाध्यापक को 24 घंटे में देना होगा जवाब
इस गंभीर मामले में बीडीओ प्रभा शंकर मिश्रा ने प्रधानाध्यापक को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। उन्हें अगले 24 घंटे के भीतर लिखित स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने भी इस पर अपनी नाराजगी जताई है। उन्होंने साफ कहा कि विद्यालय में बच्चों से इस तरह का काम कराना नियमों के खिलाफ है। शिक्षा का मूल उद्देश्य बच्चों को ज्ञान देना है, न कि उनसे मजदूरी कराना।
इस घटना से अभिभावकों में भी भारी आक्रोश है। उन्होंने मांग की है कि दोषियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके और बच्चों को बाल श्रम से बचाया जा सके। प्रशासन का यह कदम बिहार में बाल श्रम के खिलाफ एक मजबूत संदेश देता है। देशज टाइम्स वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता








You must be logged in to post a comment.