Bhagalpur Green Crackers: त्योहारों का मौसम शुरू होते ही भागलपुर जिले में रौनक बढ़ गई है, लेकिन इस बार दिवाली, काली पूजा और लोक आस्था के महापर्व छठ को लेकर प्रशासनिक स्तर पर बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। भागलपुर जिलाधिकारी ने वायु प्रदूषण, जन सुरक्षा और पर्यावरण संतुलन को ध्यान में रखते हुए जिले के सभी प्रखंडों और पंचायतों के लिए कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इस बार हवा को जहरीला होने से बचाने के लिए केवल विशेष श्रेणी के पटाखों की बिक्री की ही इजाजत होगी।
सिर्फ ग्रीन पटाखों को मंजूरी, जहरीले पर पूरी तरह रोक
राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण (NGT) की गाइडलाइंस का सख्ती से पालन कराने के लिए भागलपुर जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट रूप से निर्देश दिया है कि इस बार जिले में केवल ग्रीन पटाखों की खरीद-बिक्री के लिए ही लाइसेंस जारी किए जाएंगे। सामान्य और जहरीला धुआं छोड़ने वाले प्रतिबंधित पटाखों के निर्माण, भंडारण, क्रय और विक्रय पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। इसके साथ ही पटाखों को जलाने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में खुले स्थानों का चयन करने का निर्देश दिया गया है ताकि किसी भी प्रकार के अग्निकांड या हादसों की आशंका को खत्म किया जा सके।
4 नवंबर तक शांति समिति की बैठकें, बीडीओ को सख्त निर्देश
त्योहारों के दौरान शांति व्यवस्था और सुरक्षा बनाए रखने के लिए जमीनी स्तर पर प्रशासनिक तैयारी शुरू हो चुकी है। जिले के सभी प्रखंड विकास अधिकारियों (बीडीओ) को कड़ा निर्देश दिया गया है कि वे आगामी 4 नवंबर तक अपने-अपने क्षेत्रों की पंचायतों में शांति समिति की बैठकें हर हाल में संपन्न कराएं। इन बैठकों की विस्तृत कार्यवाही रिपोर्ट जिला मुख्यालय को समय पर उपलब्ध करानी होगी। पंचायत स्तर पर शांति समिति के सदस्यों की विशेष टीमें गठित की जा रही हैं, जो पूजा और त्योहारों के दौरान पूरे इलाके में लगातार भ्रमणशील रहकर माहौल पर नजर रखेंगी।
छठ घाटों पर वीडियोग्राफी और गोताखोरों की तैनाती
लोक आस्था के महापर्व छठ (15 और 16 नवंबर) तथा काली पूजा (8 और 9 नवंबर) के दौरान सुरक्षा और विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हाई-टेक इंतजाम किए जा रहे हैं। असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने और किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए प्रतिमा विसर्जन स्थलों और सभी प्रमुख छठ घाटों पर सरकारी वीडियोग्राफर तैनात रहेंगे। इसके साथ ही नदियों और तालाबों के किनारे होने वाले हादसों से निपटने के लिए पंचायत स्तर पर स्थानीय गोताखोरों की सूची तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत बचाव कार्य शुरू किया जा सके।
भागलपुर जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि त्योहारों के दौरान वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने और जन सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं। केवल ग्रीन पटाखों की बिक्री होगी और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं।
प्रमुख चौराहों पर सुरक्षा बैनर और छठ घाटों पर लाउडस्पीकर अनिवार्य
त्योहारों के दौरान आम जनता की सुविधा और प्राथमिक उपचार के लिए प्रमुख चौक-चौराहों पर आग से बचाव, सुरक्षात्मक उपायों और फर्स्ट एड से जुड़े बैनर और फ्लैक्स लगाए जाएंगे। इसके अलावा पूजा स्थलों और छठ घाटों के आसपास समय रहते व्यापक साफ-सफाई सुनिश्चित कराने का जिम्मा स्थानीय निकायों और पूजा समितियों को सौंपा गया है। भीड़भाड़ वाले सभी छठ घाटों पर आयोजकों और पूजा समितियों के माध्यम से पब्लिक एड्रेस सिस्टम यानी लाउडस्पीकर लगाना अनिवार्य कर दिया गया है ताकि किसी भी जरूरी सूचना या आपातकालीन संदेश को श्रद्धालुओं तक तुरंत पहुंचाया जा सके। जिला प्रशासन की इस मुस्तैदी का सीधा असर आम लोगों की सुरक्षा और त्योहारों के शांतिपूर्ण आयोजन पर पड़ेगा।








