
Bhagalpur: भागलपुर में यात्रियों से भरी एक नाव बीच गंगा में उस वक्त फंस गई, जब हजारों लोगों के लिए नाव ही आवागमन का एकमात्र सहारा है। पुल के खराब होने के बाद नाव से सफर करने वाले लोगों के बीच दहशत का माहौल बन गया। दो घंटे तक चले इस रेस्क्यू ऑपरेशन में आखिरकार SDRF ने सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
विक्रमशिला सेतु के ठीक न होने के कारण इन दिनों हजारों लोग रोज नाव से नवगछिया और भागलपुर के बीच यात्रा कर रहे हैं। इसी कड़ी में बुधवार को बरारी घाट से महादेवपुर घाट जा रही एक यात्री नाव अचानक बीच गंगा नदी में खराब हो गई। नाव पर बड़ी संख्या में महिला यात्रियों के साथ-साथ कई मोटरसाइकिलें भी थीं। इंजन बंद होते ही यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई, खासकर महिला यात्री बेहद डरी हुई थीं। चालक और स्थानीय लोगों ने इंजन को दोबारा चालू करने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
बीच नदी में फंसी नाव, यात्रियों में मचा हड़कंप
करीब दो घंटे तक नाव बीच गंगा नदी में फंसी रही, जिससे यात्रियों में डर का माहौल व्याप्त हो गया। लोग अपनी जान बचाने के लिए परेशान होते रहे। बीच मझधार में नाव के रुक जाने से कई यात्रियों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। इस दौरान किसी अनहोनी की आशंका से यात्री बुरी तरह भयभीत थे।
नाव दुर्घटना: दो घंटे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलते ही इंस्पेक्टर नीलू के नेतृत्व में एसडीआरएफ की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। टीम ने बिना देर किए राहत-बचाव कार्य शुरू कर दिया। सबसे पहले महिलाओं सहित कुछ यात्रियों को दूसरी नाव के जरिए सुरक्षित बाहर निकाला गया। इसके बाद अन्य यात्रियों को भी दूसरी नाव पर स्थानांतरित कर दिया गया। हालांकि, नाव पर लदी मोटरसाइकिलों को तुरंत दूसरी नाव पर लोड नहीं किया जा सका। यह नाव दुर्घटना एक गंभीर स्थिति थी जिसे SDRF ने बखूबी संभाला।
आगे क्या होगा? खराब इंजन वाली नाव का भविष्य
बचाव दल ने बताया कि खराब नाव के इंजन को ठीक करने का प्रयास लगातार जारी है। यदि इंजन चालू हो जाता है तो नाव को महादेवपुर घाट भेजा जाएगा। अगर ऐसा नहीं हो पाता है, तो खराब नाव को दूसरी बड़ी नाव से बांधकर टोचन के जरिए गंतव्य तक पहुंचाया जाएगा। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।






