spot_img

National Lok Adalat: जमुई में लगी न्याय की चौपाल, मिनटों में सुलझे हजारों विवाद, जानिए कैसे मिलता है सस्ता और त्वरित न्याय

spot_img
- Advertisement -
IMG-20260619-WA0016

National Lok Adalat: अदालतों की लंबी तारीखों और मुकदमों के बोझ तले हांफती न्याय व्यवस्था के लिए राष्ट्रीय लोक अदालत किसी संजीवनी से कम नहीं है। जमुई में भी कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिला, जहां आपसी सहमति से हजारों चेहरे खिल उठे। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान और राज्य विधिक सेवा प्राधिकार के मार्गदर्शन में, जमुई जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा व्यवहार न्यायालय परिसर स्थित न्याय सदन में इस विशेष अदालत का आयोजन किया गया।

- Advertisement -

कार्यक्रम का शुभारंभ जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष सह प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश संदीप सिंह ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह अदालत सुलहनीय वादों के निपटारे के लिए सबसे प्रभावशाली और शक्तिशाली उपकरण है। यहां दोनों पक्षों की सहमति से मामलों का समाधान होता है, जिससे किसी की हार या जीत नहीं होती, बल्कि रिश्ते बचते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस अदालत का फैसला अंतिम होता है और इसके खिलाफ कोई अपील नहीं की जा सकती।

- Advertisement -

National Lok Adalat: जमुई में लगी न्याय की चौपाल, मिनटों में सुलझे हजारों विवाद, जानिए कैसे मिलता है सस्ता और त्वरित न्याय

- Advertisement -

National Lok Adalat क्यों है सुलह का सबसे बड़ा मंच?

प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश संदीप सिंह ने इस अदालत के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह वादियों को लंबे समय तक चलने वाली कानूनी लड़ाई से राहत देती है। इसका मुख्य उद्देश्य न्याय प्रक्रिया को सरल, सुलभ और सस्ता बनाना है। उन्होंने बताया कि इस अदालत में लचीला रुख अपनाया जाता है, जिससे पक्षकारों को कम समय और कम खर्च में न्याय मिल जाता है। उन्हें बार-बार कोर्ट के चक्कर काटने की परेशानी से भी निजात मिलती है। कुटुंब न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश विकास कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि मुकदमेबाजी अनावश्यक तनाव, समय की बर्बादी और आर्थिक बोझ का कारण बनती है। उन्होंने लोगों से आपसी स्नेह और सौहार्द के साथ मामलों को निपटाने की अपील की।

वहीं, एडीएम रविकांत सिन्हा ने कहा कि यह एक ऐसी व्यवस्था है जहां बिना किसी खर्च के त्वरित न्याय संभव है। उन्होंने जिला प्रशासन की ओर से विधिक सेवा प्राधिकार को हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। सचिव राकेश रंजन ने राष्ट्रीय लोक अदालत के फायदों को गिनाते हुए कहा कि:

  • यहां सुलभ और सस्ता न्याय मिलता है।
  • मामलों का अंतिम रूप से निपटारा होता है।
  • समय और धन दोनों की बचत होती है।
  • फैसले को सामान्य अदालत की तरह ही मान्यता प्राप्त है।

देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

इन प्रमुख मामलों का हुआ निपटारा

इस राष्ट्रीय लोक अदालत में विभिन्न प्रकार के सुलहनीय मामलों की सुनवाई हुई और उनका निपटारा किया गया। इनमें मुख्य रूप से बैंक ऋण, बीमा, बिजली, वन विभाग, श्रम, खनन, टेलीफोन बिल, मापतौल, उत्पाद शुल्क, वैवाहिक विवाद, मोटर दुर्घटना, राजस्व और ट्रैफिक चालान से जुड़े मामले शामिल थे। हजारों की संख्या में वादियों ने इस अवसर का लाभ उठाया और अपने लंबित मामलों का निपटारा करवाया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस आयोजन की सफलता में न्यायिक पदाधिकारियों, अधिवक्ताओं और संबंधित विभागों के अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

इस कार्यक्रम का सफल मंच संचालन राज्य उद्घोषक डॉ. निरंजन कुमार ने किया। इस मौके पर न्यायिक पदाधिकारी सुधीर सिन्हा, कमला प्रसाद, अमोद कुमार, श्री सत्यम, भाविका सिंह, मृणाल आर्यन समेत कई अन्य न्यायाधीश, जिला विधिज्ञ संघ के अध्यक्ष सीताराम सिंह, डीटीओ डॉ. सुनील कुमार, पुलिस लाइन डीएसपी सुरेश प्रसाद, विभिन्न बैंकों के प्रबंधक और बड़ी संख्या में पक्षकार एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। आयोजन ने एक बार फिर साबित कर दिया कि आपसी सहमति से बड़े से बड़े विवाद को भी आसानी से सुलझाया जा सकता है।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

खौफनाक! दरभंगा में पोखर किनारे मिला नवजात बच्ची का शव, पहचान न होने से गहराया रहस्य

Darbhanga News: दरभंगा जिले के केवटी थाना क्षेत्र में एक पोखर किनारे लगभग 15 दिन की नवजात बच्ची का शव मिलने से सनसनी फैल गई है। पुलिस ने शव को 72 घंटे तक शीतगृह में रखा है और उ#DarbhangaNews,#BiharCrime,#NewbornFound

Darbhanga के जाले में कमजोर बच्चों का भविष्य संवारने की पहल, जानें क्या है खास

Darbhanga News: दरभंगा के जाले प्रखंड में कमजोर बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए समर कैंप चलाए जा रहे हैं। प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रमोद कुमार ठाकुर ने इन कैंपों का#DarbhangaNews,#BiharEducation,#SummerCamp

दरभंगा में बचपन कैद: जंजीरों से जकड़े मिले Madhubani के 4 मासूम, पढ़िए – ‘ संगीन सनकी ‘ ताले

Darbhanga News: दरभंगा के सिनुआरा गांव में चार मदरसा छात्र जंजीरों और तालों से बंधे मिले। बच्चों ने मौलाना पर जबरन मजदूरी कराने और मारपीट का आरोप लगाया है। पुलिस ने बच्चों को ब#DarbhangaNews,#BiharChildAbuse,#MadrasaStudents

पटना को मिला नया DM: कुंदन कुमार ने संभाला पदभार, अब क्या होगा बदलाव?

Patna DM: सीनियर आईएएस अधिकारी कुंदन कुमार ने शुक्रवार को पटना के नए जिलाधिकारी (DM) का कार्यभार संभाल लिया है। उन्होंने निवर्तमान डीएम त्यागराजन से कमान ली और जिले की प्#PatnaDM,#KundanKumar,#BiharAdministration