
Munger Marine Drive: बिहार के मुंगेर जिले के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। राजधानी पटना के गंगा पथ की तर्ज पर अब मुंगेर में भी भव्य मरीन ड्राइव बनने जा रहा है, जिसका हवाई सर्वेक्षण पूरा हो चुका है। यह प्रोजेक्ट न सिर्फ शहर की कनेक्टिविटी सुधारेगा, बल्कि इस क्षेत्र के लिए विकास की नई गाथा भी लिखेगा।
पथ निर्माण विभाग के सचिव पंकज कुमार पाल और जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने हेलीकॉप्टर से मरीन ड्राइव के पूरे एलाइनमेंट का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान मुंगेर के लिए अन्य महत्वपूर्ण सड़क प्रोजेक्ट्स का भी जायजा लिया गया, ताकि पूरे इलाके की कनेक्टिविटी को ध्यान में रखकर सुनियोजित योजना तैयार की जा सके। हवाई सर्वे से मुंगेर के विकास का नया मार्ग प्रशस्त हुआ है। सफियाबाद से लेकर सुल्तानगंज तक फैले 42 किलोमीटर लंबे इस रूट की एक-एक बारीकी को अधिकारियों ने हवाई सर्वे से परखा। इस सर्वे का मुख्य उद्देश्य निर्माण कार्य में संभावित बाधाओं को दूर करना और एलाइनमेंट को अंतिम रूप देना था।
5327 करोड़ का विशाल प्रोजेक्ट: गंगा पथ
मुंगेर से सुल्तानगंज के बीच बनने वाला यह गंगा पथ आधुनिक इंजीनियरिंग का एक बेहतरीन नमूना होगा। कुल 42 किलोमीटर की इस दूरी में लगभग 12 किलोमीटर का हिस्सा ‘एलिवेटेड’ (ऊपर से) होगा, जबकि करीब 30 किलोमीटर की सड़क जमीन पर बनाई जाएगी। 5327 करोड़ रुपये की भारी-भरकम लागत से बनने वाले इस Munger Marine Drive को पूरा करने के लिए एजेंसी को 4 साल का लक्ष्य दिया गया है। इसके दूसरे चरण में सुल्तानगंज से भागलपुर के सबौर तक 40 किलोमीटर का अतिरिक्त विस्तार भी किया जाएगा, जिससे मुंगेर और भागलपुर के बीच की दूरी और यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
पर्यटन और रोजगार का नया केंद्र बनेगा मुंगेर
इस मेगा प्रोजेक्ट से न केवल आवागमन आसान होगा, बल्कि यह मुंगेर की आर्थिक और सामाजिक तस्वीर भी बदल देगा। मरीन ड्राइव के किनारे फूड स्टॉल, चाय-नाश्ते की दुकानें और बड़े व्यावसायिक केंद्र विकसित होंगे, जिससे हजारों स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा। इससे निश्चित रूप से मुंगेर का विकास तेजी से होगा। इसके साथ ही, मुंगेर के ऐतिहासिक घाटों और मंदिरों का कायाकल्प होने से धार्मिक पर्यटन को भी बड़ा बढ़ावा मिलेगा। सुबह-शाम गंगा की शीतल लहरों के बीच टहलने के लिए लोगों को एक सुरक्षित और सुंदर स्थल मिलेगा, जो मुंगेर को एक नई पहचान देगा। उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच संपर्क बेहतर होने से छोटे व्यापारियों के लिए भी नए रास्ते खुलेंगे।
मुंगेर को मिलेगा ट्रांसपोर्ट हब का दर्जा
हवाई सर्वेक्षण के दौरान अधिकारियों ने केवल इस मरीन ड्राइव को ही नहीं, बल्कि मुंगेर-मिर्जाचौकी, मुंगेर-मोकामा और रक्सौल-हल्दिया फोरलेन के एलाइनमेंट का भी जायजा लिया। इसका सीधा मतलब यह है कि आने वाले समय में मुंगेर बिहार के एक प्रमुख ट्रांसपोर्ट हब के रूप में उभरेगा। जिलाधिकारी के अनुसार, एलाइनमेंट की रिपोर्ट जल्द ही विभाग को सौंपी जाएगी और निर्माण कार्य युद्धस्तर पर शुरू होगा। यह Munger Marine Drive मुंगेर के लिए सिर्फ एक इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट नहीं है, बल्कि पलायन रोकने और समृद्धि लाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होने वाला है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।





