
बिहार IPS प्रतिनियुक्ति: बिहार पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल हुआ है। तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों को केंद्र सरकार में नई जिम्मेदारियां मिली हैं, वहीं 10 अन्य आईपीएस अधिकारी विशेष प्रशिक्षण के लिए नामित किए गए हैं। यह प्रशासनिक बदलाव राज्य और केंद्र के बीच तालमेल को और मजबूत करेगा।
केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर भेजे गए ये बिहार IPS प्रतिनियुक्ति अधिकारी
पटना से मिली जानकारी के अनुसार, बिहार कैडर के तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर भेजा गया है। गृह विभाग ने इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी कर उनकी सेवाएं केंद्र सरकार को सौंप दी हैं। यह कदम पुलिस महकमे में बड़े स्तर पर जिम्मेदारियों के पुनर्वितरण का संकेत देता है।
2002 बैच के आईजी राकेश राठी को केंद्रीय गृह मंत्रालय में संयुक्त सचिव के पद पर तैनाती मिली है। वहीं, 2009 बैच के डीआईजी नवीन चंद्र झा अब भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) में डीआईजी के पद पर कार्यभार संभालेंगे। इसी क्रम में 2010 बैच के डीआईजी दीपक बरनवाल को सशस्त्र सीमा बल (SSB) में भेजा गया है, जहाँ वे सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण कार्यों की जिम्मेदारी संभालेंगे। गृह विभाग के अनुसार, इन अधिकारियों की बिहार IPS प्रतिनियुक्ति प्रशासनिक तालमेल को मजबूत करने की कवायद मानी जा रही है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
10 IPS अधिकारी करेंगे विशेष प्रशिक्षण
दूसरी तरफ, बिहार पुलिस के दस आईपीएस अधिकारियों को मिड करियर ट्रेनिंग प्रोग्राम के तीसरे चरण के लिए नामित किया गया है। यह IPS ट्रेनिंग कार्यक्रम 25 मई से 19 जून तक हैदराबाद स्थित राष्ट्रीय पुलिस अकादमी में आयोजित होगा। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य अधिकारियों की क्षमता बढ़ाना, उन्हें आधुनिक पुलिसिंग की तकनीकों से अवगत कराना और उनके प्रशासनिक कौशल को निखारना है।
प्रशिक्षण के लिए चयनित अधिकारियों में निम्न नाम शामिल हैं:
- एटीएस के एसपी हृदयकांत
- एसपी सुरक्षा अमितेश कुमार
- डुमरांव एमपीटीसी के प्राचार्य शैशव यादव
- विशेष शाखा के एसपी मनीष कुमार
- बीसैप-एक के समादेष्टा ललित मोहन शर्मा
- पटना ट्रैफिक एसपी सागर कुमार
- आर्थिक अपराध इकाई के एसपी वैभव शर्मा
- कटिहार रेल एसपी हरिशंकर कुमार
- विशेष सुरक्षा दल के समादेष्टा मनीष कुमार सिन्हा
- बीसैप-5 के समादेष्टा अजय कुमार
गृह विभाग के अनुसार, यह IPS ट्रेनिंग कार्यक्रम अधिकारियों की क्षमता बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित किया जाता है। इसमें आधुनिक पुलिसिंग, जांच तकनीक और प्रशासनिक कौशल पर विशेष ध्यान दिया जाता है। बिहार से अधिकारियों की यह भागीदारी आने वाले समय में राज्य पुलिस की कार्यशैली पर भी सकारात्मक असर डाल सकती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें







