
NEET Paper Leak: लाखों छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले एक बड़े घोटाले का सच अब बिहार की चौखट तक आ पहुंचा है। नासिक, केरल और जयपुर से शुरू हुई जांच की आंच नालंदा जिले तक पहुंच चुकी है, जहां पुलिस ने इस पूरे नेक्सस का पर्दाफाश करने का दावा किया है। क्या है यह पूरा मामला और कैसे काम कर रहा था यह गिरोह, आइए जानते हैं।
बिहार पुलिस ने इस मामले में अब तक 7 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से अधिकतर नालंदा जिले से ही हैं। पुलिस के मुताबिक, यह एक सक्रिय सॉल्वर गैंग था जो नीट परीक्षा में पेपर सॉल्व कराने और उम्मीदवारों को फर्जी एडमिट कार्ड उपलब्ध कराने का काम कर रहा था। इस गिरोह ने प्रत्येक उम्मीदवार से 50 लाख से 60 लाख रुपये तक की डील की थी, जिसमें 1.5 से 2 लाख रुपये अग्रिम भुगतान के रूप में लिए जाते थे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।
NEET Paper Leak: कौन है मास्टरमाइंड उज्ज्वल कुमार?
पुलिस जांच में VIMS पावापुरी मेडिकल कॉलेज के 2022 बैच के छात्र उज्ज्वल कुमार उर्फ राजा बाबू का नाम मास्टरमाइंड के तौर पर सामने आया है। हालांकि, वह अभी तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। पुलिस और खुफिया एजेंसियां (IB) उसकी तलाश में लगातार छापेमारी कर रही हैं। गिरोह के सदस्यों के तार होस्टल रूम नंबर 502 (जो उज्ज्वल कुमार का था) और 110 (जो अवधेश कुमार का था) से जुड़े पाए गए हैं। आईबी और स्थानीय पुलिस ने इन होस्टलों पर छापा मारकर कई मोबाइल फोन और अन्य महत्वपूर्ण सबूत जुटाए हैं, जिनसे इस बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है।
लाखों छात्रों का भविष्य दांव पर
यह पूरा NEET Paper Leak मामला देश की शिक्षा व्यवस्था पर एक बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। लाखों ईमानदार और मेहनती छात्रों का भविष्य इस तरह की धांधली के कारण प्रभावित हो रहा है। बिहार सहित पूरे देश में छात्र संगठन और अभिभावक प्रदर्शन कर रहे हैं और शिक्षा प्रणाली में बड़े और कड़े सुधारों की मांग कर रहे हैं। इस घोटाले की जड़ तक पहुंचना और दोषियों को सख्त सजा दिलाना अब सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें







