Bihar Rail News: बिहार में रेलवे कनेक्टिविटी को मजबूती देते हुए एक बड़ी खबर सामने आई है। बेतिया और मझौलिया के बीच नवनिर्मित 9.848 किलोमीटर लंबे दोहरे रेलखंड का आज सफलतापूर्वक निरीक्षण किया गया। संरक्षा आयुक्त (रेलवे), पूर्वी परिमंडल, कोलकाता के गुरु प्रकाश ने 3 जुलाई 2026 को इस महत्वपूर्ण रेलखंड का गहन जायजा लिया, जिसके बाद 120 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से स्पीड ट्रायल भी सफल रहा। यह कदम क्षेत्र के लोगों के लिए सुरक्षित और तेज रेल यात्रा की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
बेतिया-मझौलिया रेलखंड का सीआरएस निरीक्षण: सुरक्षा मानकों पर खरी उतरी नई लाइन
पूर्व मध्य रेल की दोहरीकरण परियोजना के तहत तैयार हुए इस रेलखंड का निरीक्षण संरक्षा आयुक्त श्री गुरु प्रकाश ने मोटर ट्रॉली से किया। उन्होंने बेतिया से मझौलिया तक के पूरे 9.848 किलोमीटर के मार्ग में सभी सुरक्षा मानकों की बारीकी से जांच की। इस दौरान पुल, पुलियां, पॉइंट्स, सिग्नलिंग व्यवस्था, पैनल रूम और समपार फाटकों का विस्तृत निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान पाई गई किसी भी संभावित कमी को दूर करने के लिए आवश्यक निर्देश भी दिए गए, ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।






120 किमी/घंटा की रफ्तार से सफल स्पीड ट्रायल: अब तेज होगा सफर
मोटर ट्रॉली से निरीक्षण पूरा होने के बाद, संरक्षा आयुक्त ने बेतिया से मझौलिया स्टेशनों के बीच विशेष ट्रेन चलाकर 120 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से सफलतापूर्वक स्पीड ट्रायल किया। यह ट्रायल नए रेलखंड की क्षमता और सुरक्षा को प्रमाणित करता है। इस गति से ट्रेनों के संचालन की अनुमति मिलने से यात्रा का समय कम होगा और यात्रियों को बेहतर सुविधा मिलेगी। इस अवसर पर Bihar Rail News से जुड़े समस्तीपुर मंडल के मंडल रेल प्रबंधक श्री ज्योति प्रकाश मिश्रा सहित निर्माण विभाग और समस्तीपुर मंडल के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
क्षेत्र के लिए क्या मायने हैं इस परियोजना के?
बेतिया-मझौलिया रेलखंड का दोहरीकरण और सफल सीआरएस निरीक्षण पश्चिमी चंपारण जिले और आसपास के क्षेत्रों के लिए एक महत्वपूर्ण विकास है। यह न केवल ट्रेनों की आवाजाही को सुगम बनाएगा बल्कि रेल नेटवर्क की क्षमता को भी बढ़ाएगा। यात्रियों को अब अधिक सुरक्षित और समय पर यात्रा का अनुभव मिलेगा, जिससे इस क्षेत्र की आर्थिक और सामाजिक प्रगति को भी बल मिलेगा। यह परियोजना पूर्व मध्य रेल की प्रतिबद्धता को दर्शाता है कि वह बिहार में आधुनिक और सुरक्षित रेल अवसंरचना का निर्माण कर रहा है।








