

कभी-कभी कुछ सत्य इतनी गहरी परतों में छिप जाते हैं कि उन्हें उजागर करना किसी पहेली को सुलझाने जैसा होता है। Patna NEET Student Death: पटना में एक मेधावी छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला अब न्यायिक कसौटी पर है, जहाँ न्याय की उम्मीदें एक बार फिर अदालत के दरवाजे पर टिकी हैं।
Patna NEET Student Death: शंभू गर्ल्स हॉस्टल के मालिक को नहीं मिली जमानत, CBI के जवाब पर कोर्ट ने उठाए सवाल
Patna NEET Student Death: हॉस्टल मालिक मनीष रंजन को राहत नहीं
पटना। राजधानी पटना के चर्चित Patna NEET Student Death मामले में शंभू गर्ल्स हॉस्टल के मालिक मनीष रंजन को फिलहाल न्यायिक राहत नहीं मिली है। उनकी जमानत याचिका पर लंबी सुनवाई के बाद कोर्ट ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) और विशेष जांच दल (SIT) से कई कड़े सवाल पूछे हैं। इस मामले में अगली सुनवाई की तारीख 11 मार्च तय की गई है, जिससे मनीष रंजन की मुश्किलें बरकरार दिख रही हैं।
सूत्रों के अनुसार, कोर्ट ने जांच एजेंसियों से यह जानना चाहा कि जब सीबीआई ने यह बयान दिया है कि उन्हें जांच में हॉस्टल ऑनर की आवश्यकता नहीं है, तो फिर जमानत याचिका पर आपत्ति क्यों जताई जा रही है? इस सवाल ने इन एजेंसियों को कठघरे में खड़ा कर दिया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह घटना पटना में उस वक्त सामने आई थी जब एक नीट की छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी, जिसके बाद हॉस्टल मालिक मनीष रंजन पर कई गंभीर आरोप लगे थे।
न्याय की चौखट पर सवाल
इस संवेदनशील मामले में न्याय की प्रतीक्षा कर रहे परिजनों और आम जनता की निगाहें अदालत पर टिकी हुई हैं। कोर्ट का यह रुख दर्शाता है कि वह इस मामले की तह तक जाने के लिए प्रतिबद्ध है। जांच एजेंसी को अब 11 मार्च को इन सवालों का संतोषजनक जवाब देना होगा। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/ यह देखना दिलचस्प होगा कि सीबीआई और एसआईटी कोर्ट के सवालों का क्या जवाब देती हैं और क्या इससे मनीष रंजन की जमानत का रास्ता साफ होता है या उनकी न्यायिक हिरासत और लंबी खिंचती है। पटना के इस हाई-प्रोफाइल मामले ने न सिर्फ स्थानीय प्रशासन बल्कि न्यायिक गलियारों में भी हलचल मचा दी है। इस पूरे प्रकरण में अब तक हुई जांच पर भी सवाल उठने लगे हैं, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। खासकर तब जब स्वयं जांच एजेंसी हॉस्टल मालिक की आवश्यकता से इनकार कर रही है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।




