spot_img

Pradosh Vrat 2026: चैत्र माह का पहला प्रदोष व्रत कब है? जानें पूजा विधि और महत्व

spot_img
- Advertisement -

Pradosh Vrat 2026: चैत्र माह का पहला प्रदोष व्रत भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित एक अत्यंत पावन और फलदायी व्रत है, जिसे विधि-विधान से करने पर महादेव की कृपा से समस्त कष्टों का निवारण होता है और जीवन में सुख-शांति आती है।

- Advertisement -

# Pradosh Vrat 2026: चैत्र माह का पहला प्रदोष व्रत कब है? जानें पूजा विधि और महत्व

- Advertisement -

देवाधिदेव महादेव को समर्पित प्रदोष व्रत 2026 हर माह की त्रयोदशी तिथि को रखा जाता है। यह व्रत भगवान भोलेनाथ को अत्यंत प्रिय है और इसकी महिमा का वर्णन पुराणों में विस्तार से किया गया है। यदि आप भी इस चैत्र माह में यह पवित्र व्रत करने का विचार कर रही हैं, तो यह जानना महत्वपूर्ण है कि चैत्र मास का पहला प्रदोष व्रत कब है, इसकी पूजा का शुभ मुहूर्त क्या है, और इस दौरान किन विशेष बातों का ध्यान रखना चाहिए। इस वर्ष चैत्र मास का पहला प्रदोष व्रत शुक्रवार, 13 मार्च 2026 को पड़ने जा रहा है, जो ‘शुक्र प्रदोष’ के नाम से भी जाना जाएगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  शादी की तैयारी है तो हो जाएं अलर्ट! सिर्फ 12 जुलाई तक है मौका, फिर 4 महीने तक नहीं मिलेगा शुभ मुहूर्त

## Pradosh Vrat 2026: जानिए व्रत का महत्व और पूजा विधि

सनातन धर्म में प्रदोष व्रत का अत्यधिक महत्व है। मान्यता है कि इस दिन भगवान शिव संध्याकाल में कैलाश पर्वत पर नृत्य करते हैं और अपने भक्तों को दर्शन देते हैं। प्रदोष काल में भगवान शिव की पूजा-अर्चना करने से मनोवांछित फलों की प्राप्ति होती है और ग्रह दोषों का शमन होता है। विशेषकर पुत्र प्राप्ति, रोग मुक्ति और धन-धान्य की वृद्धि के लिए यह व्रत अत्यंत शुभ माना जाता है।

**प्रदोष व्रत पूजा विधि**

प्रदोष व्रत के दिन व्रती को प्रातःकाल उठकर स्नानादि से निवृत्त होकर स्वच्छ वस्त्र धारण करने चाहिए। इसके पश्चात् भगवान शिव का स्मरण करते हुए व्रत का संकल्प लें।

यह भी पढ़ें:  शादी की तैयारी है तो हो जाएं अलर्ट! सिर्फ 12 जुलाई तक है मौका, फिर 4 महीने तक नहीं मिलेगा शुभ मुहूर्त

* दिनभर निराहार या फलाहार रहकर व्रत करें।
* सायंकाल प्रदोष काल (सूर्यास्त से डेढ़ घंटे पहले और सूर्यास्त के बाद डेढ़ घंटे तक) में पुनः स्नान करें।
* एक स्वच्छ स्थान पर शिवलिंग स्थापित करें या मंदिर में जाकर पूजा करें।
* भगवान शिव को बिल्व पत्र, धतूरा, भांग, शमी पत्र, सफेद चंदन, अक्षत, धूप, दीप, गंध और पुष्प अर्पित करें।
* माता पार्वती और नंदी महाराज की भी पूजा करें।
* दूध, दही, घी, शहद, और गंगाजल से शिवलिंग का अभिषेक करें।
* शिव चालीसा का पाठ करें और व्रत कथा सुनें।
* अंत में भगवान शिव की आरती करें और सभी में प्रसाद वितरित करें।

**चैत्र कृष्ण प्रदोष व्रत 2026: शुभ मुहूर्त**

| विवरण | तिथि/समय |
| :——————- | :————————————– |
| प्रदोष व्रत तिथि | शुक्रवार, 13 मार्च 2026 |
| त्रयोदशी तिथि प्रारंभ | 13 मार्च 2026, प्रातः 11:27 बजे से |
| त्रयोदशी तिथि समाप्त | 14 मार्च 2026, प्रातः 08:31 बजे तक |
| पूजा का शुभ मुहूर्त | 13 मार्च 2026, सायं 06:29 बजे से 08:50 बजे तक |

**प्रदोष व्रत का फल और कथा**

प्रदोष व्रत के पीछे कई पौराणिक कथाएं प्रचलित हैं। एक कथा के अनुसार, जब चंद्रमा को श्राप के कारण क्षय रोग हो गया था, तब उन्होंने भगवान शिव की तपस्या की थी। शिवजी ने प्रसन्न होकर उन्हें प्रदोष काल में दर्शन दिए और उनके कष्टों का निवारण किया। तभी से यह दिन प्रदोष व्रत के रूप में मनाया जाने लगा। इस व्रत के प्रभाव से व्यक्ति के जीवन से सभी प्रकार के दोष दूर होते हैं और महादेव की असीम कृपा प्राप्त होती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
धर्म, व्रत और त्योहारों की संपूर्ण जानकारी के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें:  शादी की तैयारी है तो हो जाएं अलर्ट! सिर्फ 12 जुलाई तक है मौका, फिर 4 महीने तक नहीं मिलेगा शुभ मुहूर्त

**प्रदोष व्रत में मंत्र जाप**

प्रदोष काल में भगवान शिव के मंत्रों का जाप करना अत्यंत कल्याणकारी माना जाता है।

ॐ नमः शिवाय।

महामृत्युंजय मंत्र: ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्॥

**निष्कर्ष और उपाय**

चैत्र मास का पहला प्रदोष व्रत 2026 भक्तों के लिए भगवान शिव की असीम कृपा प्राप्त करने का सुनहरा अवसर है। इस दिन सच्चे मन और पूरी श्रद्धा के साथ व्रत करने से भोलेनाथ प्रसन्न होते हैं और सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं। प्रदोष व्रत के दिन शिव मंदिर में दीपदान करना और गरीबों को अन्न-वस्त्र दान करना भी अत्यंत शुभ माना जाता है। यह व्रत आपको न केवल आध्यात्मिक शांति प्रदान करेगा, बल्कि लौकिक सुखों की भी प्राप्ति होगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

बड़ी खबर! दरभंगा, मधुबनी, समस्तीपुर, मुजफ्फरपुर, पटना, पूर्णिया, सुपौल की ये खास ट्रेन हुई रद्द, कहीं आप भी तो नहीं कर रहे थे सफर?,...

Bihar Train Cancellation: रेलवे ने 03220 बापूधाम मोतिहारी-पाटलिपुत्र परीक्षा स्पेशल ट्रेन को रद्द कर दिया है। इससे हजारों छात्रों और यात्रियों को भारी परेशानी होगी।#BiharTrainNews,#TrainCancellation,#ExamSpecial

BPSC में 43वीं रैंक! Darbhanga रसियारी की बेटी रितिका झा बनी SDM, मिथिलांचल ने किया सलाम | पढ़िए – ग्रामीण परिवेश से निकली प्रेरणा

Bihar BPSC Result: 70वीं BPSC परीक्षा में 43वीं रैंक हासिल कर रसियारी की रितिका झा SDM बन गई हैं। उनकी यह उपलब्धि ग्रामीण बेटियों के लिए प्रेरणास्रोत है।#BiharBPSC,#RitikaJhaSDM,#DarbhangaNews

दरभंगा और समस्तीपुर को मिलेगी नई लाइफलाइन! निमैठी से बहेरी ब्लॉक लिंक रोड जुड़ेगा ग्रीनफील्ड सड़क परियोजना से!

Bihar Road Project: दरभंगा और समस्तीपुर को जोड़ने वाली 39.5 किलोमीटर लंबी रामनगर-रोसड़ा ग्रीनफील्ड सड़क परियोजना पर सांसद डॉ. गोपाल जी ठाकुर ने महत्वपूर्ण निर्देश दिए हैं। इससे उत्#BiharRoadProject,#DarbhangaNews,#SamastipurUpdate

पटना में राहुल गांधी की हुंकार! 11 जुलाई को छात्रों से मिलेंगे, क्या युवाओं का दर्द सुन पाएगी सरकार?

Patna Rahul Gandhi: पेपर लीक, बेरोजगारी और बढ़ती शिक्षा लागत से जूझते युवाओं के लिए राहुल गांधी 11 जुलाई को पटना में छात्र सम्मेलन करेंगे। 'छात्रों की गूंज' अभियान के तहत वे पार्टी#PatnaRahulGandhi,#ChhatronKiGunj,#BiharYouthCrisis