
Panchayat Executive Assistant: मधुबनी में एक बड़ा प्रशासनिक फैसला सामने आया है। जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने लंबे समय से बिना सूचना के अनुपस्थित चल रही एक पंचायत कार्यपालक सहायक का संविदा तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया है। यह कार्रवाई रहिका प्रखंड के सौराठ पंचायत में कार्यरत सुप्रिया कुमारी के खिलाफ हुई है। जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने प्रखंड विकास पदाधिकारी, रहिका द्वारा भेजे गए प्रतिवेदन के आधार पर यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। सौराठ पंचायत की कार्यपालक सहायक सुप्रिया कुमारी लंबे समय से अपने कार्यस्थल से गायब थीं, जिसके कारण उनकी संविदा समाप्त कर दी गई है। यह मामला प्रशासनिक लापरवाही के प्रति सख्ती का एक उदाहरण पेश करता है।
पंचायत कार्यपालक सहायक की अनुपस्थिति का मामला
प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) रहिका के प्रतिवेदन के अनुसार, सुप्रिया कुमारी 20 अगस्त 2022 से बिना किसी पूर्व सूचना के अनुपस्थित चल रही थीं। जिला पंचायती राज कार्यालय ने इस संबंध में उनसे स्पष्टीकरण मांगा था। सुप्रिया कुमारी ने 14 फरवरी 2023 को सामान्य शाखा, मधुबनी में अपना स्पष्टीकरण जवाब प्रस्तुत किया, जिसमें उन्होंने अस्वस्थता का हवाला दिया था।
इसके बाद कार्यालय ने प्रखंड विकास पदाधिकारी/प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी, रहिका से मंतव्य (राय) मांगा। बीडीओ, रहिका ने अपने मंतव्य में बताया कि सुप्रिया कुमारी ने 20 अगस्त 2022 को सिर्फ दूरभाष पर अस्वस्थता की सूचना दी थी, लेकिन 20 अगस्त 2022 से 28 अगस्त 2022 तक अस्वस्थता संबंधी कोई औपचारिक सूचना पंचायत राज कार्यालय या बीडीओ को नहीं दी गई। ग्राम पंचायत राज-सौराठ के मुखिया ने भी लिखित रूप से सूचित किया था कि सुप्रिया कुमारी कार्यालय से लगातार अनाधिकृत अनुपस्थिति पर हैं और उन्होंने ग्राम पंचायत कार्यालय को कोई सूचना नहीं दी है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी, रहिका से प्राप्त अनुपस्थिति विवरणी के अनुसार, सुप्रिया कुमारी की उपस्थिति 19 अगस्त 2022 तक ही दर्ज थी और 20 अगस्त 2022 से वह लगातार अनुपस्थित पाई गईं।
सरकारी नियमों के तहत हुई कार्रवाई
इस मामले में संयुक्त सचिव, पंचायत राज विभाग, बिहार, पटना द्वारा जारी पत्र और सामान्य प्रशासन विभाग, बिहार, पटना के संकल्प का हवाला दिया गया है। इन नियमों के अनुसार, यदि कोई कर्मी बिना सूचना के 15 दिन या उससे अधिक अवधि के लिए अनुपस्थित पाया जाता है, तो उसके पद को रिक्त घोषित कर दिया जाता है और संविदा पर नए नियोजन की प्रक्रिया शुरू की जाती है।
इसी आलोक में, प्रखंड विकास पदाधिकारी, रहिका से प्राप्त प्रतिवेदन और सामान्य प्रशासन विभाग के निर्देशों के आधार पर सुप्रिया कुमारी, जो सौराठ ग्राम पंचायत की Panchayat Executive Assistant थीं, उनका नियोजन/संविदा समाप्त कर दिया गया है। यह कार्रवाई स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि प्रशासनिक सेवाओं में अनाधिकृत अनुपस्थिति को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। यह फैसला अन्य सरकारी कर्मियों के लिए भी एक स्पष्ट संदेश है कि कर्तव्यनिष्ठा और नियमों का पालन अनिवार्य है।
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