Bhagalpur DM: बिहार के भागलपुर जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी का तबादला होते ही विदाई समारोहों में भावुक पल देखने को मिले। शहर के लोगों का स्नेह देख डॉ. चौधरी की आंखें नम हो गईं, वहीं जनता भी अपने लोकप्रिय जिलाधिकारी को नम आंखों से विदा कर रही है। उनके कार्यकाल के दौरान प्रशासनिक दक्षता और जनसरोकारों से जुड़े फैसलों ने उन्हें शहरवासियों के बीच एक विशेष पहचान दी थी।
राज्य सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, डॉ. नवल किशोर चौधरी को अगले आदेश तक प्रबंध निदेशक, बिहार राज्य संचरण कंपनी लिमिटेड, पटना के पद पर पदस्थापित किया गया है। इसके अतिरिक्त, वे विशेष सचिव, नगर विकास एवं आवास विभाग, बिहार सरकार का अतिरिक्त प्रभार भी संभालेंगे। उनके स्थानांतरण की खबर आते ही भागलपुर के विभिन्न सामाजिक, सांस्कृतिक, शैक्षणिक और व्यावसायिक संस्थानों ने उन्हें सम्मानपूर्वक विदाई दी।






भागलपुर में छोड़ी अमिट छाप
डॉ. नवल किशोर चौधरी ने भागलपुर में अपने कार्यकाल के दौरान विकास कार्यों और जनहितैषी निर्णयों से लोगों का दिल जीता। उन्होंने शहर में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए, जिनकी सराहना हर वर्ग ने की। यही कारण है कि उनके तबादले से प्रशासनिक महकमे में जहां नई जिम्मेदारियों को लेकर चर्चा है, वहीं आम जनता भी उन्हें याद कर भावुक हो रही है।
विदाई समारोहों में बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर उन्हें शुभकामनाएं दीं। इस दौरान एक बेहद भावुक क्षण भी आया जब डॉ. चौधरी अपने संबोधन में अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए खुद को रोक नहीं पाए और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े।
डॉ. चौधरी ने कहा, ‘भागलपुर में बिताया गया समय मेरे जीवन के सबसे यादगार अध्यायों में से एक रहेगा। यहां के लोगों का स्नेह, सहयोग और अपनापन मुझे हमेशा याद रहेगा। भागलपुर के विकास के लिए सभी वर्गों ने जिस तरह सहयोग किया, वह मेरे लिए अविस्मरणीय है।’
उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों का आभार व्यक्त करते हुए यह भी कहा कि भागलपुर से उनका रिश्ता हमेशा बना रहेगा। शहर के लोगों का मानना है कि उन्होंने एक कर्तव्यनिष्ठ और संवेदनशील जिलाधिकारी के रूप में अपनी भूमिका बखूबी निभाई।
नई जिम्मेदारी के साथ नई चुनौतियां
पटना में बिहार राज्य संचरण कंपनी लिमिटेड के प्रबंध निदेशक और नगर विकास एवं आवास विभाग के विशेष सचिव के रूप में डॉ. नवल किशोर चौधरी अब नई और महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभालेंगे। भागलपुर के लोगों को उम्मीद है कि वे अपनी नई भूमिका में भी उतनी ही कुशलता और संवेदनशीलता के साथ कार्य करेंगे, जितनी उन्होंने जिलाधिकारी के तौर पर दिखाई। उनका तबादला भागलपुर के लिए एक युग के अंत जैसा है, लेकिन उनके द्वारा स्थापित किए गए मानक हमेशा याद किए जाएंगे।








