मधुबनी बॉर्डर पर SSB ने पकड़े दो ‘प्रेमी’ नाबालिग! नेपाल भागकर शादी करने की थी तैयारी
Bihar Madhubani SSB: एसएसबी की 18वीं वाहिनी ने मधुबनी के लदनियां सीमा चौकी पर शुक्रवार देर रात नेपाल भागकर शादी करने जा रहे दो नाबालिगों को हिरासत में लिया है। सुरक्षा कारणों और मानव तस्करी की आशंका के मद्देनजर की गई इस कार्रवाई से सीमावर्ती इलाकों में हड़कंप मच गया है। जवानों की सतर्कता ने दो नाबालिगों के भविष्य को सुरक्षित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
मधुबनी बॉर्डर पर SSB ने दबोचा! नेपाल भाग रहे थे नाबालिग प्रेमी जोड़े, फिर जो हुआ…
Madhubani SSB: भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा में तैनात मधुबनी एसएसबी की 18वीं वाहिनी ने शुक्रवार देर रात एक बड़ी कार्रवाई की है। लदनियां सीमा चौकी पर रूटीन चेकिंग के दौरान नेपाल भागकर शादी करने जा रहे दो नाबालिग प्रेमी जोड़ों को हिरासत में लिया गया। सुरक्षा कारणों और मानव तस्करी की आशंका को देखते हुए एसएसबी ने कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर उन्हें चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंप दिया है।






कैसे पकड़े गए नाबालिग प्रेमी?
शुक्रवार देर रात लदनियां सीमा चौकी पर ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने एक बाइक पर सवार लड़का और लड़की को नेपाल की ओर जाते देखा। उनकी संदिग्ध गतिविधियों ने जवानों का ध्यान खींचा, जिसके बाद उन्हें रोककर पूछताछ की गई। सख्ती से पूछताछ करने पर लड़के ने अपनी पहचान सीता राम कुमार के रूप में बताई। उसने खुलासा किया कि वे पिछले नौ वर्षों से प्रेम संबंध में हैं।
लड़के ने बताया कि उनके परिजन शादी के लिए राजी नहीं थे, जिसके कारण वे घर से बिना बताए नेपाल जाकर शादी करने की योजना बना रहे थे। जांच के दौरान, सीता राम कुमार ने अपना पहचान पत्र प्रस्तुत किया, लेकिन लड़की के पास अपनी उम्र या पहचान से जुड़ा कोई दस्तावेज नहीं था। दोनों की उम्र नाबालिग होने के कारण एसएसबी अधिकारियों ने तुरंत कार्रवाई की।
मानव तस्करी की आशंका और आगे की कार्रवाई
नाबालिगों को सीमा पार करते हुए पकड़े जाने के बाद एसएसबी ने मानव तस्करी की आशंका को गंभीरता से लिया। सभी आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद, 18वीं वाहिनी के एसएसबी अधिकारियों और महिला आरक्षियों की महत्वपूर्ण भूमिका के साथ, दोनों नाबालिगों को एनजीओ ‘सर्वो प्रयास’ के माध्यम से चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंप दिया गया।
चाइल्ड हेल्पलाइन अब इन नाबालिगों के परिजनों से संपर्क स्थापित करेगी और उनकी आगे की काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस घटना ने सीमावर्ती क्षेत्रों में नाबालिगों की सुरक्षा और मानव तस्करी के प्रति सतर्कता की आवश्यकता को एक बार फिर उजागर किया है।
सीमा पर ऐसे पकड़े गए प्रेमी जोड़े
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार देर रात लदनियां सीमा चौकी पर एसएसबी के जवान रूटीन चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान, एक बाइक पर सवार लड़का और लड़की को नेपाल की ओर जाते हुए देखा गया। उनकी संदिग्ध गतिविधियों को देखकर ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें रोका और कड़ाई से पूछताछ शुरू की। पूछताछ के दौरान दोनों ने जो खुलासा किया, वह चौंकाने वाला था।
नौ साल के प्रेम संबंध का खुलासा
कड़ाई से पूछताछ करने पर लड़के सीता राम कुमार ने बताया कि वे पिछले नौ वर्षों से एक-दूसरे से प्रेम करते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि उनके परिजनों को उनका रिश्ता मंजूर नहीं था, जिसके कारण वे घर से बिना बताए नेपाल जाकर शादी करने की योजना बना रहे थे। जांच के दौरान, लड़के ने अपना पहचान पत्र प्रस्तुत किया, लेकिन लड़की के पास उम्र या पहचान से जुड़ा कोई भी दस्तावेज नहीं था। दोनों के नाबालिग होने की पुष्टि होने के बाद एसएसबी अधिकारियों ने तुरंत कानूनी औपचारिकताएं पूरी कीं।
चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंपने का क्या है मकसद?
नाबालिग प्रेमी जोड़े को हिरासत में लेने के बाद, एसएसबी अधिकारियों ने उन्हें एनजीओ ‘सर्वो प्रयास’ के माध्यम से चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंप दिया। एसएसबी की इस पूरी कार्रवाई में अधिकारियों और महिला आरक्षियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। चाइल्ड हेल्पलाइन अब इन नाबालिगों के परिजनों से संपर्क करेगी और उनकी आगे की काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू करेगी, ताकि उनके भविष्य को उचित दिशा मिल सके और किसी भी प्रकार के जोखिम से बचाया जा सके।








