Bihar Prashant Kishor: बांकीपुर विधानसभा से विधायक बनने के बाद प्रशांत किशोर अब सीधे एक्शन मोड में आ गए हैं। उन्होंने बांकीपुर की गलियों में सिर्फ वादों की नहीं, बल्कि सीधे संवाद की तैयारी की है। 11 अगस्त से 19 अगस्त तक, यानी पूरे आठ दिनों तक, प्रशांत किशोर बांकीपुर विधानसभा के हर वार्ड में लोगों से मिलेंगे। इस अभियान के दौरान वे क्षेत्र की समस्याओं को सुनेंगे और विकास की नई रूपरेखा तैयार करेंगे।
बांकीपुर के विकास की नई रणनीति
प्रशांत किशोर के इस जन संवाद अभियान का मुख्य मकसद केवल समस्याओं को जानना नहीं है, बल्कि उनके ठोस समाधान की योजना बनाना है। इस दौरान जलजमाव, टूटी सड़कें, स्वच्छता की कमी और स्वास्थ्य सुविधाओं की लचर व्यवस्था जैसे प्रमुख मुद्दों पर स्थानीय लोगों से सीधे सुझाव लिए जाएंगे। इन्हीं सुझावों के आधार पर बांकीपुर के समग्र विकास की रणनीति तैयार की जाएगी। जन सुराज पार्टी का कहना है कि प्रशांत किशोर का लक्ष्य बांकीपुर को एक मॉडल विधानसभा के रूप में विकसित करना है। उन्होंने विश्वास जताया था कि अगले तीन महीनों के भीतर ही बांकीपुर में बदलाव दिखने लगेंगे, और अब इस दिशा में काम शुरू हो गया है।






प्रशांत किशोर का वार्ड-वार जनसंवाद कार्यक्रम
प्रशांत किशोर ने अपने आठ दिवसीय जनसंवाद कार्यक्रम का विस्तृत शेड्यूल जारी कर दिया है। इस दौरान वे बांकीपुर के विभिन्न वार्डों में जाकर लोगों से मुखातिब होंगे।
| तारीख | वार्ड नंबर |
|---|---|
| 11 अगस्त | 15, 18, 40 |
| 12 अगस्त | 19, 22, 23, 26 |
| 13 अगस्त | 29, 16, 39 |
| 14 अगस्त | 17, 38, 25 |
| 16 अगस्त | 30, 24, 27 |
| 17 अगस्त | 28, 31, 35, 21 |
| 18 अगस्त | 37, 42, 36 |
| 19 अगस्त | 41 |
यह विस्तृत कार्यक्रम दर्शाता है कि प्रशांत किशोर बांकीपुर के हर कोने तक पहुंचने और हर नागरिक से सीधे जुड़ने के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह अभियान क्षेत्र की जमीनी हकीकत को समझने और उसके अनुरूप समाधान खोजने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
भाजपा ने भी की हार की समीक्षा
दूसरी ओर, बांकीपुर उपचुनाव में मिली हार के बाद भाजपा ने भी मंथन किया। बुधवार को प्रदेश कार्यालय में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी समेत पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की एक बैठक हुई, जिसमें कार्यकर्ताओं से फीडबैक लिया गया। सार्वजनिक रूप से यह बात सामने आई कि जन सुराज ने यूट्यूब के माध्यम से कई गलतफहमियां फैलाईं, जिनका भाजपा की ओर से उचित जवाब नहीं दिया जा सका।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा, ‘यह एक विधानसभा सीट का उपचुनाव था। कार्यकर्ताओं को हतोत्साहित नहीं होना है। उन्हें मजबूती से काम करना है।’
पार्टी ने आने वाले दिनों में अधिक से अधिक युवाओं से संपर्क साधने और उन्हें पार्टी से जोड़ने का निर्णय लिया है। यह दिखाता है कि भाजपा भी भविष्य की चुनौतियों के लिए अपनी रणनीति में बदलाव कर रही है।
प्रशांत किशोर का यह अभियान बांकीपुर में राजनीतिक सक्रियता और विकास की नई उम्मीद जगा रहा है। आने वाले दिनों में देखना होगा कि इस जनसंवाद से बांकीपुर की तस्वीर कितनी बदल पाती है।








