Bihar PMLA Case: दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट में आज बिहार के प्रमुख राजनीतिक परिवार से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में एक महत्वपूर्ण सुनवाई होने वाली है। अदालत में लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव सहित कुल नौ आरोपियों के सामने धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत आरोप औपचारिक रूप से पढ़े जाएंगे। यह प्रक्रिया आईआरसीटीसी होटल टेंडर से जुड़े मामले में आगे की न्यायिक दिशा तय करेगी।
पीएमएलए के तहत आरोप तय करने का आदेश
यह सुनवाई विशेष अदालत के पिछले आदेश के बाद हो रही है। राउज एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश (पीसी एक्ट) विशाल गोगने ने 10 सितंबर 2026 को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की चार्जशीट पर संज्ञान लिया था। उन्होंने लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव समेत इन्हीं नौ आरोपियों के खिलाफ पीएमएलए की धारा 3 और 4 के तहत आरोप तय करने के लिए पर्याप्त आधार माने थे।
अदालत ने अपने आदेश में स्पष्ट किया था कि ‘इस चरण में लोक पद के दुरुपयोग और अपराध की कमाई को लेकर मजबूत संदेह के आधार मौजूद हैं।’
इसी मामले में सात अन्य आरोपियों को मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों से डिस्चार्ज कर दिया गया था। आज की प्रक्रिया चार्ज फ्रेमिंग के बाद का एक औपचारिक चरण है, जिसमें आरोपियों को उनके खिलाफ लगे आरोपों से अवगत कराया जाता है।
क्या होगा आज कोर्ट में?
कानून के तहत, आरोप तय होने के बाद अदालत आरोपियों को आरोप पढ़कर सुनाती है। इसके बाद उनसे पूछा जाता है कि क्या वे इन आरोपों को स्वीकार करते हैं, या वे मुकदमे का सामना करना चाहेंगे। यदि कोई आरोपी अपना दोष स्वीकार कर लेता है, तो मामला तुरंत सजा के चरण में आगे बढ़ सकता है।
वहीं, अगर आरोपी आरोपों से इनकार करते हैं, तो मामला ट्रायल पर चला जाएगा। ऐसे में अभियोजन पक्ष और बचाव पक्ष दोनों को गवाहों व दस्तावेजों के आधार पर अपनी दलीलें अदालत के सामने रखनी होंगी। समाचार रिपोर्टों के अनुसार, लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी इस पेशी के लिए पटना से दिल्ली रवाना हो चुके हैं। तेजस्वी यादव की भी अदालत में उपस्थिति अपेक्षित है, जिससे इस सुनवाई का महत्व और बढ़ जाता है।






