Sitamarhi News: बिहार के सीतामढ़ी जिले से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है, जहां जंगली सूअरों से अपनी फसल बचाने के लिए खेत में बिछाया गया बिजली का तार ही तीन लोगों की मौत का कारण बन गया. इस भयावह हादसे में एक पति-पत्नी समेत तीन लोगों ने अपनी जान गंवा दी, जबकि एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल है. यह घटना बैरगनिया प्रखंड के अक्ता पश्चिमी चकवा पंचायत के तकिया टोला में शनिवार की अहले सुबह हुई.
जानकारी के अनुसार, बैरगनिया प्रखंड की अक्ता पश्चिमी चकवा पंचायत के तकिया टोला वार्ड संख्या पांच में किसानों ने अपनी फसलों को जंगली सूअरों से बचाने के लिए खेतों के चारों ओर करंट प्रवाहित तार लगा रखा था. शनिवार की सुबह इसी तार की चपेट में आने से पति-पत्नी सहित तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई. यह घटना उस समय हुई जब वे खेत में गए थे.
खेत में बिछा ‘मौत का जाल’: पति-पत्नी सहित तीन की गई जान
इस हादसे में मारे गए लोगों की पहचान अभी नहीं हो पाई है, लेकिन स्थानीय लोगों में इस घटना के बाद से गहरा सदमा है. बताया जा रहा है कि एक व्यक्ति को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है. इस घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और लोग सहमे हुए हैं.
सीतामढ़ी के बैरगनिया में खेत में जंगली सूअर से फसल बचाने के लिए लगाए गए करंट प्रवाहित तार की चपेट में आने से पति-पत्नी समेत तीन लोगों की मौत हो गई। हादसे में एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया।
जंगली सूअरों से फसल बचाने की कवायद बनी जानलेवा
ग्रामीणों का कहना है कि जंगली सूअरों के आतंक से फसलें लगातार बर्बाद हो रही थीं, जिसके चलते किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा था. इसी से निजात पाने के लिए कई किसान अपने खेतों में बिजली के तार लगा देते हैं, जो अक्सर जानलेवा साबित होते हैं. इस घटना ने एक बार फिर ऐसे खतरनाक तरीकों के इस्तेमाल पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
स्थानीय प्रशासन को ऐसे मामलों में तत्काल संज्ञान लेते हुए किसानों को जागरूक करना चाहिए और उन्हें सुरक्षित विकल्पों की जानकारी देनी चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी हृदय विदारक घटनाओं को रोका जा सके. पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है.






