Darbhanga News की इस विशेष रिपोर्ट के मुताबिक, Darbhanga जिले की न्यायपालिका में उत्पाद अधिनियम के मामलों में लगातार फैसले सुनाए जाने का सिलसिला जारी है। प्रतिबंधित शराब के सेवन के मामलों में अदालत की सख्ती से आरोपियों पर शिकंजा कसा जा रहा है, जिससे प्रशासनिक स्तर पर हड़कंप मचा हुआ है।
एक महीने में 110 शराबियों पर गिरी गाज
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अकेले अक्टूबर महीने के भीतर उत्पाद अधिनियम के द्वितीय विशेष न्यायाधीश रंजन कुमार मिश्रा की अदालत ने विभिन्न थानों द्वारा पकड़े गए 110 शराबियों को सजा सुनाई है। इस कार्रवाई से यह स्पष्ट होता है कि न्यायपालिका मद्य निषेध कानून को लेकर कितनी गंभीर रुख अपना रही है।
सरकारी खजाने में जमा हुआ अर्थदंड
उत्पाद विभाग के स्पेशल एपीपी हेमंत कुमार ने इस संबंध में विस्तृत जानकारी साझा करते हुए बताया कि विशेष न्यायाधीश श्री मिश्रा की अदालत ने सभी 110 आरोपियों को तय शर्तों के तहत अर्थदंड जमा करने के बाद रिहा किया। अदालत के इस फैसले से सरकारी खजाने में कुल 2 लाख 20 हजार रुपये की राशि जुर्माने के तौर पर जमा कराई गई है।
अक्टूबर माह के दौरान महज द्वितीय विशेष न्यायाधीश के न्यायालय द्वारा 110 मामलों में फैसला सुनाते हुए कुल 2 लाख 20 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया है।
न्यायालय की इस त्वरित कार्रवाई से स्पष्ट होता है कि स्थानीय स्तर पर कानून तोड़ने वालों को किसी भी प्रकार की राहत मिलने की संभावना बेहद कम है। प्रशासनिक और न्यायिक सख्ती से आने वाले दिनों में ऐसे मामलों में कमी आने की उम्मीद जताई जा रही है।







