Darbhanga Scholarship: दरभंगा में आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित वर्ग की 1000 छात्राओं को अपनी शिक्षा जारी रखने के लिए बड़ी मदद मिलने वाली है। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) की ‘प्रज्ञा योजना’ के तहत इन बेटियों को छात्रवृत्ति दी जाएगी। जिला विधिक सेवा प्राधिकार, दरभंगा की सचिव आरती कुमारी ने इस महत्वपूर्ण योजना की जानकारी साझा की है, जिसमें आवेदन की अंतिम तिथि 22 जुलाई 2026 निर्धारित की गई है।
यह पहल उन छात्राओं के लिए एक सुनहरा अवसर है जिनकी पढ़ाई आर्थिक तंगी या अन्य पारिवारिक चुनौतियों के कारण रुक सकती थी। प्रशासन का लक्ष्य है कि कोई भी पात्र छात्रा इस सहयोग से वंचित न रहे।






कौन हैं इस स्कॉलरशिप के लिए पात्र?
‘प्रज्ञा योजना’ का लाभ उन छात्राओं को मिलेगा जो कक्षा VIII या उससे ऊपर की कक्षाओं में पढ़ रही हैं और कुछ विशेष श्रेणियों में आती हैं। सचिव आरती कुमारी ने इन पात्रता मानदंडों को स्पष्ट किया है, ताकि जरूरतमंद छात्राएं इस अवसर का अधिकतम लाभ उठा सकें:
- ऐसी छात्राएं जिनके माता-पिता दोनों का निधन हो चुका है।
- जिनके परिवार के एकमात्र कमाने वाले अभिभावक का निधन हो गया हो।
- शारीरिक रूप से दिव्यांग छात्राएं।
- वे छात्राएं जिनके माता-पिता उनकी शिक्षा का खर्च उठाने में असमर्थ हैं।
- ऐसी छात्राएं जिनके पिता जेल में हैं और माता की आय शिक्षा के लिए पर्याप्त नहीं है।
- जनजातीय समुदाय की वे छात्राएं जिनके माता-पिता शिक्षा का खर्च वहन नहीं कर सकते।
- अन्य समान परिस्थितियों में रहने वाली कमजोर और वंचित छात्राएं भी इस दरभंगा स्कॉलरशिप के लिए आवेदन कर सकती हैं।
कैसे और कहाँ करें आवेदन?
इच्छुक और पात्र छात्राएं इस छात्रवृत्ति के लिए 22 जुलाई 2026 तक अपना आवेदन जमा कर सकती हैं। आवेदन प्रक्रिया को सरल रखते हुए, छात्राओं को कुछ आवश्यक दस्तावेजों के साथ डीएलएसए, दरभंगा अथवा अनुमंडलीय न्यायालय, बेनीपुर और बिरौल में संपर्क करना होगा।
‘छात्राओं को आधार कार्ड, विद्यालय का पहचान पत्र और अपनी पात्रता से संबंधित सभी आवश्यक दस्तावेज साथ लेकर आवेदन करना होगा। यह सुनिश्चित करेगा कि सही और जरूरतमंद छात्राओं तक योजना का लाभ पहुंचे।’ – आरती कुमारी, सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, दरभंगा
यह पहल दरभंगा जिले की उन बेटियों के लिए एक बड़ी राहत है, जिनकी पढ़ाई आर्थिक तंगी या पारिवारिक परिस्थितियों के कारण रुक सकती थी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी छात्रा, चाहे उसकी पारिवारिक पृष्ठभूमि कैसी भी हो, शिक्षा के अधिकार से वंचित न रहे। जिला प्रशासन ने सभी पात्र छात्राओं से अपील की है कि वे अंतिम तिथि से पहले आवेदन कर इस अवसर का लाभ उठाएं।








