Share Market: भारतीय शेयर बाजार ने पांच दिनों की लगातार गिरावट के बाद सोमवार को जोरदार वापसी की है, निवेशकों की सांस में सांस आई। उतार-चढ़ाव से भरे सत्र के बावजूद, सेंसेक्स और निफ्टी दोनों प्रमुख सूचकांक हरे निशान पर बंद हुए, जिससे बाजार में एक नई उम्मीद की किरण जगी है। इस उछाल के पीछे भारत-अमेरिका व्यापार समझौते की संभावनाओं में वृद्धि और ऊर्जा, बैंकिंग व धातु जैसे प्रमुख क्षेत्रों में निचले स्तरों पर खरीदारी का हाथ रहा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। हालांकि, वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव और विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली ने तेजी पर कुछ हद तक ब्रेक लगाया।
Share Market: पांच दिनों की गिरावट के बाद बाजार में लौटी रौनक, निवेशकों के लिए क्या हैं संकेत?
Share Market में वापसी: प्रमुख सूचकांकों का प्रदर्शन
पिछले पांच कारोबारी सत्रों में भारी गिरावट का सामना करने के बाद, बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का 30 शेयरों वाला प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 301.93 अंक यानी 0.36 प्रतिशत की बढ़त के साथ 83,878.17 अंक पर बंद हुआ। यह उल्लेखनीय है कि सुबह के कारोबार में सेंसेक्स एक समय 715.17 अंक गिरकर 82,861.07 अंक तक फिसल गया था, लेकिन दिन के अंत तक इसने शानदार वापसी की। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का 50 शेयरों वाला निफ्टी भी 106.95 अंक यानी 0.42 प्रतिशत की तेजी के साथ 25,790.25 अंक पर बंद हुआ। शुरुआती सत्र में यह 209.9 अंक गिरकर 25,473.40 अंक पर आ गया था, जो बाद में संभला और बाजार में एक नई गतिशीलता देखने को मिली। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- सेंसेक्स का उतार-चढ़ाव:
- दिन का उच्चतम: 83,878.17 अंक
- दिन का निम्नतम: 82,861.07 अंक
- बंद: 83,878.17 अंक (301.93 अंक की बढ़त)
- निफ्टी का उतार-चढ़ाव:
- दिन का उच्चतम: 25,790.25 अंक
- दिन का निम्नतम: 25,473.40 अंक
- बंद: 25,790.25 अंक (106.95 अंक की बढ़त)
किन शेयरों में दिखी तेजी और किनमें आई गिरावट?
सेंसेक्स पैक में टाटा स्टील, एशियन पेंट्स, ट्रेंट, भारतीय स्टेट बैंक (SBI), हिंदुस्तान यूनिलीवर, अल्ट्राटेक सीमेंट, आईसीआईसीआई बैंक और भारती एयरटेल जैसे शेयरों ने प्रमुख रूप से लाभ दर्ज किया। इन शेयरों में खरीदारी ने बाजार को ऊपर उठाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वहीं, इन्फोसिस, बजाज फाइनेंस, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, लार्सन एंड टुब्रो और एचडीएफसी बैंक के शेयरों में गिरावट देखने को मिली। पांच दिनों की गिरावट के दौरान, सेंसेक्स कुल 2,185.77 अंक (2.54 प्रतिशत) और निफ्टी में 645.25 अंक (2.45 प्रतिशत) गिर गया था, लेकिन सोमवार की तेजी ने इस नुकसान को कुछ हद तक कम किया।
भारत-अमेरिका व्यापार समझौते की उम्मीदों ने दी नई ऊर्जा
बाजार में यह सकारात्मक बदलाव तब आया जब भारत में अमेरिका के नए राजदूत की तरफ से भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर सकारात्मक संकेत दिए गए। इस खबर ने निवेशकों की धारणा को मजबूत किया और उन्हें जोखिम भरी संपत्तियों में निवेश करने के लिए प्रोत्साहित किया। जानकारों के मुताबिक, वैश्विक और द्विपक्षीय घटनाक्रमों का बाजार पर मिला-जुला असर रहा। शुरुआती सतर्कता के बाद, व्यापार समझौते पर प्रगति की खबरों ने बाजार को सहारा दिया और निवेशकों की मनोदशा में सुधार देखा गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें।
रेलिगेयर ब्रोकिंग लिमिटेड के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (शोध) अजीत मिश्रा ने कहा, "बाजार की धारणा पर वैश्विक एवं द्विपक्षीय घटनाक्रम का मिला-जुला असर देखने को मिला। शुरुआती कारोबार में मौजूदा भू-राजनीतिक तनाव के चलते सतर्कता हावी रही लेकिन भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर प्रगति की खबर आने से बाजार की मनोदशा में सुधार देखा गया।"
व्यापक बाजार का हाल और अमेरिकी राजदूत का बयान
हालांकि प्रमुख सूचकांकों में तेजी देखी गई, व्यापक बाजार में छोटी और मझोली कंपनियों के शेयरों का प्रदर्शन कमजोर रहा। बीएसई स्मालकैप सूचकांक 0.68 प्रतिशत की गिरावट पर रहा, जबकि मझोली कंपनियों के मिडकैप सूचकांक में 0.41 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने जोर देकर कहा कि अमेरिका के लिए भारत जितना महत्वपूर्ण कोई अन्य देश नहीं है। उन्होंने बताया कि दोनों पक्ष व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के लिए सक्रिय रूप से बातचीत कर रहे हैं। गोर ने 'पैक्स सिलिका' नामक अमेरिका-नेतृत्व वाले रणनीतिक गठबंधन के लिए भारत को आमंत्रित भी किया, जो दोनों देशों के बीच मजबूत होते संबंधों का एक और संकेत है। यह वैश्विक मंच पर भारत की बढ़ती भूमिका को दर्शाता है।







