Bihar Flood Alert: नेपाल में नदियों के जलस्तर में अचानक हुई वृद्धि के कारण बिहार के वाल्मीकिनगर बैराज पर दबाव बढ़ गया है। संभावित खतरे को देखते हुए बुधवार शाम चार बजे बैराज से 1.5 लाख क्यूसेक पानी गंडक नदी में छोड़ा गया। इस भारी जल प्रवाह के बाद पूर्वी चंपारण जिला प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से अरेराज, पहाड़पुर, संग्रामपुर और केसरिया जैसे चार महत्वपूर्ण अंचलों में हाई अलर्ट जारी कर दिया है।
जिला प्रशासन ने सभी संबंधित अधिकारियों की छुट्टियां भी रद्द कर दी हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी रखी जा सके।
पूर्वी चंपारण में बाढ़ का खतरा, डीएम ने की अपील
गंडक नदी में पानी छोड़े जाने के बाद पूर्वी चंपारण जिले में जलस्तर तेजी से बढ़ने की आशंका है। मोतिहारी स्थित समाहरणालय के एनआईसी कक्ष में मीडिया से बात करते हुए पूर्वी चंपारण के जिलाधिकारी सुर्भ सुमन ने बताया कि नेपाल से आने वाले जलप्रवाह में अप्रत्याशित वृद्धि हुई है। इसके चलते गंडक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है और निचले इलाकों में पानी फैलने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है।
जिलाधिकारी सुर्भ सुमन ने कहा, ‘वर्तमान स्थिति में घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन सतर्कता और सावधानी बेहद जरूरी है।’
प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद, लगातार निगरानी जारी
जिलाधिकारी ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें। पूर्वी चंपारण जिला प्रशासन ने नदी के जलस्तर पर लगातार निगरानी रखने के लिए विशेष टीमें गठित की हैं। सभी संबंधित विभागों को आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं। बाढ़ प्रभावित होने वाले संभावित क्षेत्रों में बचाव और राहत कार्यों की रूपरेखा तैयार की जा रही है।
आने वाले दिनों में गंडक नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जाएगी और स्थिति के अनुसार आगे के कदम उठाए जाएंगे। प्रशासन ने सभी नागरिकों से सुरक्षित रहने और किसी भी आपातकालीन जानकारी के लिए स्थानीय अधिकारियों से संपर्क करने का आग्रह किया है।







