Darbhanga में वाह रे ‘ सिस्टम ‘ आह भरती ‘ व्यवस्था ‘ 800 बच्चे मगर …’ शर्मनाक ‘ @सतीश झा, बेनीपुर | अयाची मिथिला महिला महाविद्यालय में चल रही डिग्री थर्ड सेमेस्टर की आंतरिक परीक्षा के दौरान छात्राओं को न तो बेंच मिली और न ही डेस्क। मजबूरी में उन्हें दरी पर बैठकर परीक्षा देनी पड़ रही है, जिससे छात्राओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
Darbhanga: पहली-दूसरी कक्षा जैसी स्थिति, छात्राओं को हो रही परेशानी
छात्राएं दो-दो घंटे दरी पर बैठकर उत्तर लिखने को मजबूर हैं।
🔥 आज की सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें1
Darbhanga Election Result दरभंगा में 60 घंटे बाद आया बड़ा फैसला! RJD के अनिल झा ने NDA सर्वेश कुमार को 4,010 वोटों से हराया, जानें पूरे आंकड़े2
यूपी में सियासी भूचाल! MLC चुनाव के नतीजों ने बढ़ाई 2027 विधानसभा चुनाव से पहले हलचल, BJP-SP को बड़ा संदेश | पढ़िए छह -पांच का क्षेत्रीय सियासी समीकरणों की बड़ी झलक3
Bihar Politics | JDU में छिड़ी खुली जंग …’सवाल ही पैदा नहीं होता है’ ! बौखलाए नीरज कुमार क्या बोले- ‘कर्ज सूद समेत लौटाऊंगा’, | पढ़िए -ललन सिंह, छोटे सरकार |मुलाकात नामंजूर – बीपी हाई4
गया एयरपोर्ट पर सनसनी: यात्री के बैग से निकला सोने का बिस्कुट, जांच में जुटी आयकर विभाग की टीम!5
बड़ी खबर Bihar Drug Complaint! बिहार में नकली दवा बेचने वालों की खैर नहीं, आम लोग अब इस नंबर पर करें शिकायत, पहचान भी गोपनीय6
बड़ी खबर Patna Airport : पटना एयरपोर्ट से दिल्ली की स्पाइसजेट फ्लाइट अचानक रद्द, त्योहारों पर फंसे यात्री!परीक्षार्थियों ने कहा कि इस स्थिति में लिखना बेहद कष्टदायक है।
कई छात्राओं ने परीक्षा को खानापूरी करार दिया, जिससे उनकी नाराजगी भी सामने आई।
प्रबंधन ने दी सफाई
परीक्षा नियंत्रक मुरारी ठाकुर ने बताया कि महाविद्यालय में लगभग 800 छात्राएं हैं।
इतने बड़े संख्या में डेस्क-बेंच की व्यवस्था नहीं होने के कारण कुछ कमरों में दरी डालकर परीक्षा कराई जा रही है।
परीक्षा का आयोजन 16 अप्रैल से 22 अप्रैल तक होना है और 25 अप्रैल से पहले अंक पोर्टल पर लोड करने की बाध्यता है, जिससे सभी छात्राओं की परीक्षा एक साथ लेनी पड़ रही है।
प्राचार्य से नहीं हो सका संपर्क
प्रभारी प्राचार्य प्रवीण कुमार मिश्रा से संपर्क का प्रयास किया गया, लेकिन वे महाविद्यालय में उपस्थित नहीं थे और उनका मोबाइल भी नहीं रिसीव हुआ।
महत्वपूर्ण बिंदु:
नई शिक्षा नीति (New Education Policy) के तहत डिग्री थर्ड सेमेस्टर में 30 अंकों की मिड सेमेस्टर परीक्षा अनिवार्य है।
परीक्षा का अंक छात्राओं के मुख्य परिणाम में जोड़ा जाता है, इसलिए इसकी गुणवत्ता अत्यंत महत्वपूर्ण है।

















