Commercial LPG Price: देश में महंगाई का बड़ा झटका! दिल्ली सहित कई प्रमुख भारतीय शहरों में कॉमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतें एक बार फिर आसमान छू रही हैं। यह बढ़ोतरी इस साल की सातवीं घटना है, जिसने विशेष रूप से होटल, रेस्तरां और अन्य व्यापारिक प्रतिष्ठानों को चलाने वालों की चिंताएं काफी बढ़ा दी हैं। हालांकि, आम उपभोक्ताओं के लिए एक अच्छी खबर है कि घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में इस बार कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिससे उन्हें कुछ हद तक राहत मिली है।
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Commercial LPG Price में रिकॉर्ड बढ़ोतरी
वैश्विक स्तर पर मिडिल ईस्ट में जारी भू-राजनीतिक तनाव और महत्वपूर्ण हार्मोन स्ट्रेट के बंद होने जैसे कारकों ने दुनियाभर में फ्यूल और एलपीजी की आपूर्ति श्रृंखला को बुरी तरह प्रभावित किया है। इन चुनौतियों के कारण भारत भी लगातार ईंधन और रसोई गैस की कमी का सामना कर रहा है। इसी के परिणामस्वरूप, 19 किलोग्राम वाले कॉमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दामों में 1 जून से एक और वृद्धि दर्ज की गई है। यह उल्लेखनीय है कि यह बढ़ोतरी मौजूदा कैलेंडर वर्ष में सातवीं बार हुई है, जो बढ़ती महंगाई का स्पष्ट संकेत है।
आंकड़ों पर गौर करें तो पिछले छह महीनों के भीतर ही 19 किलोग्राम के कॉमर्शियल सिलेंडर की कीमतों में अविश्वसनीय रूप से 97 प्रतिशत तक का भारी इजाफा देखा गया है। मई के महीने में भी इस सिलेंडर के मूल्य में 93 रुपये की बड़ी उछाल आई थी, जिसके बाद इसकी कीमत 3000 रुपये प्रति सिलेंडर के निशान को पार कर गई थी। अब इस ताजा वृद्धि के साथ, छोटे से बड़े होटल और रेस्तरां जैसे व्यवसायों पर अतिरिक्त वित्तीय दबाव पड़ने की आशंका है। यह बढ़ोतरी उनके संचालन लागत को और बढ़ाएगी, जिसका सीधा असर ग्राहकों पर भी पड़ेगा।
घरेलू और छोटू सिलेंडर का नया गणित
एक तरफ जहां कॉमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं, वहीं दूसरी ओर आम नागरिकों के लिए अच्छी खबर यह है कि घरेलू गैस सिलेंडर प्राइस में कोई बदलाव नहीं किया गया है। यह निर्णय मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण राहत है, जिनकी मासिक घरेलू बजट योजना सीधे तौर पर रसोई गैस की कीमतों से प्रभावित होती है। देश की राजधानी दिल्ली में घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत 913 रुपये पर स्थिर बनी हुई है। इसी तरह, कोलकाता में यह 939 रुपये और आर्थिक राजधानी मुंबई में 912.50 रुपये में उपलब्ध है। घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में अंतिम बार संशोधन 7 मार्च को हुआ था, जब इसमें 60 रुपये की बढ़ोतरी की गई थी।
इसके बावजूद, 5 किलोग्राम वाले ‘छोटू’ सिलेंडर की कीमतों में वृद्धि दर्ज की गई है, जो छोटे परिवारों या एकल व्यक्तियों के लिए एक लोकप्रिय विकल्प है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, छोटू सिलेंडर के दाम में 11 रुपये का इजाफा हुआ है। इस बढ़ोतरी के बाद, फ्री ट्रेड एलपीजी श्रेणी के तहत इसकी कीमत 821.50 रुपये हो गई है। यह नई दरें भी 1 जून से तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई हैं, जिससे इन छोटे सिलेंडरों का उपयोग करने वाले उपभोक्ताओं पर भी आंशिक रूप से आर्थिक भार बढ़ेगा।
बढ़ती कीमतों का आपकी जेब पर असर
कॉमर्शियल एलपीजी की कीमतों में यह लगातार वृद्धि आम जनजीवन पर व्यापक प्रभाव डालेगी। इसका सबसे सीधा असर होटल, रेस्तरां और खाने-पीने के अन्य प्रतिष्ठानों पर पड़ेगा, जिससे वहां मिलने वाला भोजन और व्यंजन महंगा हो जाएगा। यदि आप अक्सर बाहर से खाना ऑर्डर करते हैं या रेस्तरां में भोजन का आनंद लेते हैं, तो अब आपको इसके लिए अधिक कीमत चुकानी पड़ेगी। इसका स्पष्ट अर्थ है कि बाजार में पका हुआ भोजन अब पहले के मुकाबले काफी महंगा हो चुका है। देश के प्रमुख महानगरों जैसे दिल्ली और कोलकाता में इन दामों के बढ़ने से इसका प्रभाव व्यापक रूप से महसूस किया जाएगा।
विस्तृत आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली में 19 किलोग्राम वाले कॉमर्शियल सिलेंडर की कीमत में जून महीने में 42 रुपये की बढ़ोतरी हुई है, जिसके बाद इसकी नई कीमत 3113.50 रुपये हो गई है। वहीं, पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में इसमें 53.50 रुपये की बड़ी वृद्धि दर्ज की गई है, और अब यहां प्रति सिलेंडर की कीमत 3255.50 रुपये हो गई है। विशेष रूप से, दिल्ली में पिछले छह महीनों के दौरान कॉमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम में कुल 1533 रुपये यानी 97 प्रतिशत की ऐतिहासिक बढ़ोतरी हुई है, जो इस श्रेणी में एक अभूतपूर्व वृद्धि है और व्यवसायों के लिए चुनौती खड़ी कर रही है।
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यह आवश्यक है कि सरकार इन बढ़ती हुई कीमतों पर ध्यान दे, खासकर जब वैश्विक कारक आपूर्ति श्रृंखला को प्रभावित कर रहे हों। स्थिर घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतें भले ही आम आदमी को कुछ राहत प्रदान करें, लेकिन कॉमर्शियल और छोटू सिलेंडर की लगातार बढ़ती कीमतें समग्र महंगाई दर को और अधिक बढ़ावा दे सकती हैं। आने वाले समय में देखना होगा कि इस बढ़ती हुई आर्थिक चुनौती से निपटने के लिए क्या प्रभावी कदम उठाए जाते हैं।
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