Bihar NEET: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने गुरुवार को नीट यूजी 2026 (NEET UG 2026) के नतीजे घोषित कर दिए हैं। इस साल राष्ट्रीय मेडिकल प्रवेश परीक्षा में बिहार शीर्ष प्रदर्शन करने वाले राज्यों में से एक बनकर उभरा है। देशभर से लगभग 20 लाख उम्मीदवार इस परीक्षा में शामिल हुए थे, जिनमें से 11.21 लाख से अधिक उम्मीदवारों ने चिकित्सा, दंत चिकित्सा, आयुष और संबद्ध चिकित्सा विषयों में स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए क्वालीफाई किया है।
बिहार के छात्रों का शानदार प्रदर्शन
एनटीए के आंकड़ों के अनुसार, बिहार के छात्र उन 17 राज्य टॉपर्स में शामिल हैं, जिन्होंने 705 से अधिक अंक हासिल किए हैं। यह राष्ट्रीय स्तर की मेडिकल प्रवेश परीक्षाओं में राज्य के बढ़ते प्रदर्शन को दर्शाता है। इस वर्ष पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, बिहार, तमिलनाडु और तेलंगाना से सबसे अधिक अंक प्राप्त करने वाले छात्र थे। शिक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि यह परिणाम अत्यधिक प्रतिस्पर्धी मेडिकल प्रवेश परीक्षाओं में बिहार की बढ़ती उपस्थिति को दर्शाता है, जिसमें पटना, कोटा और अन्य शहरों के कोचिंग सेंटरों के छात्रों ने दमदार प्रदर्शन किया है।






लड़कियों ने फिर मारी बाजी
मेडिकल प्रवेश परीक्षा में एक बार फिर महिला उम्मीदवारों ने अपने पुरुष समकक्षों को पीछे छोड़ दिया। सभी योग्य उम्मीदवारों में 58% से अधिक लड़कियां थीं, जो चिकित्सा शिक्षा में उनकी बढ़ती भागीदारी और सफलता को रेखांकित करता है।
परीक्षा से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण बातें
एनटीए ने बताया कि 138 उम्मीदवारों ने 720 में से 690 से अधिक अंक प्राप्त किए, जबकि 17 राज्य टॉपर्स ने 700 या उससे अधिक अंक हासिल किए।
- 138 उम्मीदवारों ने 690 से अधिक अंक प्राप्त किए।
- 17 राज्य टॉपर्स ने 700 या उससे अधिक अंक हासिल किए।
- 26 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के उम्मीदवारों ने 690 से अधिक अंक प्राप्त किए।
- शीर्ष प्रदर्शन करने वाले छात्र देश भर के 66 शहरों से थे।
एनटीए के अनुसार, 690 से अधिक अंक प्राप्त करने वाले 93% से अधिक उम्मीदवार पहली बार परीक्षा में शामिल हुए थे। एजेंसी ने यह भी बताया कि शीर्ष रैंकिंग वाले 99% उम्मीदवार 17 से 19 वर्ष की आयु के थे, जो नए स्कूली स्नातकों के मजबूत प्रदर्शन को दर्शाता है।
नीट यूजी 2026 की परीक्षा भारत और विदेश के 551 शहरों में 5,440 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की गई थी। यह परीक्षा 13 भाषाओं में आयोजित की गई, जिसमें सभी 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के उम्मीदवारों ने भाग लिया। उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक सफल उम्मीदवार (1.7 लाख से अधिक) दर्ज किए गए, जबकि लक्षद्वीप में सबसे कम सफल उम्मीदवार (43) थे।
एनटीए ने अंतिम उत्तर कुंजी भी जारी की, जिसमें पुष्टि की गई कि इस वर्ष की परीक्षा से एक प्रश्न हटा दिया गया था। उम्मीदवार अपने स्कोरकार्ड डाउनलोड कर सकते हैं और आधिकारिक एनटीए पोर्टल के माध्यम से अपने परिणाम देख सकते हैं।
आगे की प्रक्रिया और काउंसलिंग
परिणाम घोषित होने के बाद, योग्य उम्मीदवार अब देशभर के मेडिकल, डेंटल, आयुष और अन्य स्नातक स्वास्थ्य सेवा कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए काउंसलिंग और सीट-आवंटन प्रक्रिया में आगे बढ़ेंगे। यह प्रक्रिया जल्द ही शुरू होने की उम्मीद है, जिससे सफल छात्रों को उनके सपनों के मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश मिल सकेगा।








