spot_img

दरभंगा के किसानों की बल्ले-बल्ले! धान की खेती में अपनाएं ये तकनीक, 25% पानी बचेगा, पैदावार बढ़ेगी

Darbhanga Farmers: कृषि विज्ञान केंद्र ने सहसपुर में आयोजित किया विशेष प्रशिक्षण, वैज्ञानिक जल प्रबंधन और एजोला उत्पादन से 25% तक पानी बचाने के गुर सिखाए गए।

spot_img
- Advertisement -

Darbhanga Farmers: धान की खेती करने वाले दरभंगा के किसानों के लिए एक अच्छी खबर है। जिले के जाले प्रखंड स्थित सहसपुर पंचायत में कृषि विज्ञान केंद्र ने एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया। इस पहल से किसानों को धान उत्पादन की आधुनिक तकनीकों से अवगत कराया गया, जिससे उनकी पैदावार बढ़ने के साथ-साथ लागत में भी कमी आएगी। इस प्रशिक्षण में खरपतवार नियंत्रण, वैज्ञानिक जल प्रबंधन और एजोला उत्पादन की महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।

- Advertisement -

धान उत्पादन में खरपतवार नियंत्रण: पहचान और उपाय

कृषि विज्ञान केंद्र के वरीय वैज्ञानिक सह अध्यक्ष डॉ. दिव्यांशु शेखर की अध्यक्षता में यह कार्यक्रम संपन्न हुआ। कृषि अभियंत्रण विशेषज्ञ ई. निधि कुमारी ने सहसपुर पंचायत में किसानों को धान की फसल में खरपतवार की पहचान करने के तरीके बताए। उन्होंने स्पष्ट किया कि खरपतवारों के कारण उपज में भारी हानि होती है। इसके यांत्रिक, सांस्कृतिक और रासायनिक नियंत्रण के विभिन्न उपायों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई, ताकि Darbhanga Farmers अपनी फसल को सुरक्षित रख सकें।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  दरभंगा में 3 लाख के कर्ज पर चली गोली! सूद के लिए रची गई थी खूनी साजिश, दिल्ली तक पकड़े गए अपराधी

वैज्ञानिक जल प्रबंधन: कम पानी में अधिक उपज का मंत्र

प्रशिक्षण का एक मुख्य बिंदु वैज्ञानिक जल प्रबंधन था। किसानों को एजोला उत्पादन और अल्टरनेट वेटिंग एंड ड्राइंग (AWD) तकनीक के बारे में बताया गया। इस तकनीक की मदद से धान की खेती में 25 से 30 प्रतिशत तक पानी की बचत की जा सकती है। पानी की बचत के साथ-साथ यह विधि खेती की लागत को कम करने और उत्पादन को बढ़ाने में भी सहायक है। किसानों को धान की विभिन्न अवस्थाओं में सिंचाई के सही प्रबंधन, पंक्तिबद्ध रोपाई में कोनो वीडर एवं पावर वीडर के उपयोग और कटाई से 10-15 दिन पहले सिंचाई बंद करने की सलाह दी गई।

- Advertisement -
16e9e6ce-f9d6-46a7-922f-5a746543f06f

किसानों को मिला सीधा लाभ: लागत में कमी और बंपर पैदावार

इस ऑफ-कैंपस प्रशिक्षण कार्यक्रम में सहसपुर पंचायत के 20 प्रगतिशील किसानों ने भाग लिया। इन किसानों ने आधुनिक कृषि पद्धतियों को सीखने में गहरी रुचि दिखाई। कृषि विशेषज्ञों ने बताया कि इन तकनीकों को अपनाकर किसान न केवल अपनी उपज बढ़ा सकते हैं, बल्कि पानी और अन्य संसाधनों की बचत करके अपनी आय में भी वृद्धि कर सकते हैं। यह प्रशिक्षण स्थानीय किसानों को आत्मनिर्भर बनाने और उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

वर्दीवाला हैवान! दारोगा ने मारी पत्नी को गोली, 3 महीने बाद खुला खौफनाक राज! आत्महत्या की कहानी का पर्दाफाश | पढ़िए – पुलिस...

Bihar Police Murder: बिहार के सफियासराय थाने में तैनात निलंबित दारोगा चंदन कुमार ने अपनी पत्नी मधु कुमारी की हत्या की थी। करीब तीन महीने बाद FSL और बैलेस्टिक रिपोर्ट में यह चौंकाने#BiharPolice,#BiharCrime,#MadhuKumariCase

बिहार में शिक्षकों के लिए नया फरमान, नया ड्रेस कोड लागू? अब स्कूल में Jeans-T-Shirt नहीं चलेगी! आया सख्त आदेश!

Bihar Teachers Dress Code: बिहार के सरकारी स्कूलों में अब शिक्षकों और शिक्षकेत्तर कर्मियों के लिए नया ड्रेस कोड लागू हो गया है। शिक्षा विभाग ने जींस-टी-शर्ट पर प्रतिबंध लगाकर औपचारिक परिध#BiharTeachers,#EducationDepartment,#SchoolRules

नीतीश कुमार ने रचा इतिहास! बिहार के इस दिग्गज नेता ने पहली बार किया ऐसा काम, जानकर चौंक जाएंगे

Nitish Kumar: जनता दल (यूनाइटेड) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार ने राज्यसभा में पहली बार बतौर सदस्य हिस्सा लेकर अपने दशकों लंबे राजनीतिक करियर में एक नया अध्याय जोड़ा है। उ#NitishKumar,#RajyaSabha,#BiharPolitics

दरभंगा के ऐतिहासिक राष्ट्रीय विद्यालय होगा राज्य संरक्षित स्मारक घोषित! जल्द स्थल निरीक्षण को आएगी पुरातत्व विभाग की टीम

Darbhanga Heritage: दरभंगा के लालबाग स्थित ऐतिहासिक राष्ट्रीय विद्यालय को राज्य संरक्षित स्मारक घोषित किया जाएगा। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की पहल पर पुरातत्व विभाग ने प्रक्रिया शुर#DarbhangaNews,#BiharHeritage,#SamratChoudhary