UGC NET Re-exam: राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने हाल ही में आयोजित विश्वविद्यालय अनुदान आयोग राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (UGC-NET) के तीन विषयों की परीक्षा रद्द कर दी है। इन विषयों में अंग्रेजी, कॉमर्स और सोशियोलॉजी शामिल हैं। एजेंसी ने बताया कि एक समिति ने प्रश्न पत्रों में कई गंभीर त्रुटियां पाई थीं, जिसके बाद यह फैसला लिया गया है। यह निर्णय बिहार सहित देशभर के उन लाखों छात्रों के लिए महत्वपूर्ण है, जो सहायक प्रोफेसर पदों की पात्रता और पीएचडी कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए यह परीक्षा देते हैं। इस साल NEET-UG परीक्षा रद्द होने के बाद NTA की कार्यप्रणाली पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं।
दोबारा कब होगी परीक्षा?
NTA ने रद्द की गई परीक्षाओं के लिए नया शेड्यूल जारी कर दिया है। छात्रों को इन परीक्षाओं के लिए कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा। परीक्षा शहर, केंद्र और प्रवेश पत्र से संबंधित विस्तृत जानकारी एजेंसी की आधिकारिक वेबसाइट पर अलग से अधिसूचित की जाएगी।
| विषय | परीक्षा की तिथि | समय |
|---|---|---|
| अंग्रेजी | 9 सितंबर | सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक |
| कॉमर्स | 9 सितंबर | दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक |
| सोशियोलॉजी | 10 सितंबर | सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक |
NTA ने मानी गलतियां, समिति ने उठाए सवाल
NTA के अनुसार, इन तीन प्रश्न पत्रों के संबंध में कई शिकायतें मिलने के बाद एक समिति का गठन किया गया था। समिति ने अपनी जांच में कई तरह की त्रुटियां पाईं, जिनमें तथ्यात्मक, टंकण और अनुवाद संबंधी गलतियां शामिल थीं। इसके अलावा, प्रमुख विद्वानों के नाम गलत लिखे गए थे, पुस्तकों के शीर्षक विकृत थे, प्रश्नों की भाषा में समस्या थी, व्याकरण संबंधी त्रुटियां थीं, लिंग और वचन संबंधी विसंगतियां थीं, विराम चिह्न की समस्याएं थीं और स्थापित अवधारणाओं के लिए गैर-मानक शब्दों का उपयोग किया गया था।
समिति ने यह भी पाया कि पिछले परीक्षाओं से बड़ी संख्या में प्रश्न दोहराए गए थे। इन सभी गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए, समिति ने निष्पक्ष और त्रुटि रहित परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए इन तीनों प्रश्न पत्रों की परीक्षा दोबारा कराने की सिफारिश की थी।
छात्रों की बढ़ी चिंताएं और चुनौतियां
परीक्षा दोबारा आयोजित करने के NTA के फैसले से छात्रों में चिंता बढ़ गई है। उन्हें फिर से परीक्षा की तैयारी करनी होगी और कई मामलों में परीक्षा केंद्रों तक यात्रा भी करनी पड़ सकती है। छात्रों ने इस बात पर भी जोर दिया है कि री-एग्जाम शेड्यूल से उन पर अतिरिक्त दबाव बढ़ गया है, खासकर जब इसी अवधि के आसपास कई अन्य प्रतियोगी और पात्रता परीक्षाएं भी आयोजित की जा रही हैं। यह स्थिति उन छात्रों के लिए विशेष रूप से चुनौतीपूर्ण है जो पहले से ही कई परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं।
इस बीच, NTA ने परीक्षा में शामिल कुल 87 विषयों में से 84 विषयों की अनंतिम उत्तर कुंजी जारी कर दी है। जिन उम्मीदवारों को अनंतिम उत्तर कुंजी पर आपत्ति है, वे 18 अगस्त तक अपनी आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं। UGC-NET परीक्षा में दो पेपर होते हैं: पेपर I में शिक्षण योग्यता, तर्क क्षमता और संबंधित क्षेत्रों से संबंधित 50 प्रश्न होते हैं, जबकि पेपर II में 100 विषय-विशिष्ट बहुविकल्पीय प्रश्न होते हैं।






